नेपाल-तिब्बत सीमा की बाढ़ में भाजपा नेता की बेटी समेत छत्तीसगढ़ की तीन महिलाएं लापता    |    बहनों का स्नेह और आशीर्वाद मेरे लिए अनमोल : मुख्यमंत्री साय    |    लोकतंत्र सेनानियों का त्याग नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय    |    BREAKING : बंगाल का नया CM- शुभेंदु अधिकारी होंगे प. बंगाल के नए सीएम- अमित शाह ने किया सीएम का एलान    |    BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |

अभी जेल में ही रहेंगे दिल्ली के CM Arvind Kejriwal, हाईकोर्ट ने फैसला रखा सुरक्षित

अभी जेल में ही रहेंगे दिल्ली के CM Arvind Kejriwal, हाईकोर्ट ने फैसला रखा सुरक्षित
Share

 नई दिल्ली :  शराब घोटाला मामले में जेल में बंद दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल  की अंतरिम जमानत और सीबीआई द्वारा गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा है। अदालत ने कहा की अंतरिम जमानत पर फैसला सुरक्षित रखते है। केजरीवाल की नियमित जमानत पर 29 जुलाई को सुनवाई होगी।

आज सुनवाई के दौरान सीबीआई के वकील और केजरीवाल के वकील अभिषेक मनु सिंघवी के बीच अदालत में तीखी बहस हुई। सीबीआई ने जहां अरविंद केजरीवाल की जमानत का जोरदार विरोध किया वहीं सिंघवी ने कहा कि अरविंद केजरीवाल समाज के लिए खतरा नहीं हैं।

केजरीवाल के वकील सिंघवी ने कहा हाईकोर्ट अंतरिम जमानत पर फैसला दे दे। उन्होंने कहा कि आप पहले इस बात को देखे की अरविंद केजरीवाल क्या जांच में सहयोग नहीं कर रहे है, देश छोड़ कर तो नहीं जा रहे है? अगर गिरफ्तारी अवैध है तो अवैध गिरफ्तारी पर तो बहस नहीं हो सकती।

सिंघवी ने कहा की दोनों ही याचिकाओं पर अदालत फैसला सुरक्षित रखे। अरविंद को तीन बार जमानत मिल चुकी है। वे समाज के लिए खतरा नहीं है। सिंघवी ने कहा की सीबीआई ने 26 पेजों का जवाब जमानत याचिका पर जवाब दाखिल किया है। सीबीआई साबित करे की जांच में अरविंद को वजह से देरी हुई है।

सीबीआई का तर्क था कि केजरीवाल की जमानत याचिका पर पहले ट्रायल कोर्ट में बहस होनी चाहिए।  ट्रायल कोर्ट में चार आरोप पत्र लंबित हैं और इसलिए यह उचित है कि जमानत पर पहले ट्रायल कोर्ट में बहस हो क्योंकि ट्रायल कोर्ट सभी तथ्यों से परिचित है।


Share

Leave a Reply