<rss xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom" version="2.0"><channel><title>Just 36 News Feed</title><link>https://just36news.com</link><description>Just 36 News Feed Description</description><item><title>15 साल साथ रहने के बाद नहीं कह सकते यौन शोषण! सुप्रीम कोर्ट ने महिला की याचिका खारिज करते हुए सुनाया ये फैसला</title><link>https://just36news.com/after-15-years-of-living-together,-you-can&#039;t-call-it-sexual-abuse</link><description>लिव-इन रिलेशनशिप में रहने वालों के लिए सुप्रीम कोर्ट ने अहम फैसला लिए बहुत जरूरी है। एक मामले की सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने लिव-इन रिश्तों को लेकर बेहद सख्त और स्पष्ट टिप्पणी की है। कोर्ट ने साफ कर दिया है कि अगर कोई जोड़ा आपसी सहमति से सालों तक साथ रहता है और बाद में पार्टनर रिश्ता तोड़कर चला जाता है, तो इसे अपराध नहीं माना जा सकता। राजधानी रायपुर के युवा वर्ग और कानूनी जानकारों के बीच इस फैसले को लेकर अब बहस छिड़ गई है।
15 साल का साथ और 7 साल का बच्चा, फिर भी अपराध नहीं?
मामला मध्य प्रदेश का है, जो अब सुप्रीम कोर्ट पहुंचा। एक महिला ने अपने पूर्व लिव-इन पार्टनर पर शादी का झांसा देकर यौन शोषण का आरोप लगाया था। महिला का कहना था कि उसके पति की मौत के बाद आरोपी ने शादी का वादा किया और 15 साल तक उसके साथ रहा। इस दौरान उनका एक 7 साल का बच्चा भी हुआ। जब पार्टनर उसे छोड़कर चला गया, तो महिला ने FIR दर्ज कराई। हालांकि, जस्टिस बीवी नागरत्ना और जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की बेंच ने महिला से तीखे सवाल पूछे।
शादी से पहले साथ रहने में जोखिम तो रहता ही है
सुनवाई के दौरान कोर्ट ने दो-टूक लहजे में कहा, जब रिश्ता आपसी मर्जी से बना हो, तो उसमें अपराध का सवाल ही कहां उठता है? कोर्ट ने पूछा कि जब महिला को पता था कि कोई कानूनी बंधन (शादी) नहीं है, तो वह उस पुरुष के साथ रहने क्यों गई? जजों ने स्पष्ट किया कि लिव-इन रिलेशनशिप में हमेशा यह जोखिम रहता है कि कोई भी पार्टनर किसी भी दिन रिश्ता तोड़ सकता है। कोर्ट के अनुसार, पार्टनर का रिश्ता तोड़कर चले जाना कोई जुर्म नहीं है।
सुप्रीम कोर्ट ने महिला को दिया ये सुझाव
महिला के वकील ने दलील दी कि आरोपी ने अपनी पहली शादी छिपाई थी। इस पर बेंच ने कहा कि अगर शादी हुई होती, तो आप दूसरी शादी (Bigamy) या गुजारा-भत्ते का केस कर सकते थे। चूंकि शादी नहीं हुई थी, इसलिए अब जेल भेजने से कुछ हासिल नहीं होगा। कोर्ट ने महिला को बच्चे के भविष्य के लिए कुछ अन्य रास्ते सुझाए हैं जिसके तहत महिला बच्चे के लिए गुजारा-भत्ता (Maintenance) की मांग कर सकती है। कोर्ट ने दोनों पक्षों को आपसी सुलह (Mediation) के लिए जाने की सलाह दी। 7 साल के बच्चे के लिए आर्थिक मुआवजे के इंतजाम पर विचार करने को कहा।</description><guid>after-15-years-of-living-together,-you-can&#039;t-call-it-sexual-abuse</guid><pubDate>28-Apr-2026 7:45:09 pm</pubDate></item><item><title>मनीष सिसोदिया का बड़ा ऐलान: अरविंद केजरीवाल के बाद अब सिसोदिया भी नहीं जाएंगे कोर्ट, जज को लिखी चिट्ठी</title><link>https://just36news.com/manish-sisodia-s-big-announcementb-after-arvind-kejriwal-sisodia-will-also-not-go-to-court-writes-letter-to-judge</link><description>आम आदमी पार्टी के गलियारों से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है। पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल के पदचिन्हों पर चलते हुए अब पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने भी बड़ा मोर्चा खोल दिया है। सिसोदिया ने जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा की अदालत का पूर्ण बहिष्कार करने का ऐलान कर दिया है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, सिसोदिया ने जज को एक पत्र लिखा है जिसमें उन्होंने साफ कह दिया है कि अब न तो वे खुद और न ही उनका कोई वकील अदालत की कार्यवाही में हिस्सा लेगा। दिल्ली की राजनीति में मचे इस घमासान का असर अब देशभर के सियासी हलकों में देखा जा रहा है
क्या है पूरा मामला? क्यों भड़के सिसोदिया?
मामला कथित शराब घोटाले से जुड़ा है, जिसमें सीबीआई ने ट्रायल कोर्ट के उस फैसले को हाई कोर्ट में चुनौती दी है जिसमें केजरीवाल और सिसोदिया समेत 23 लोगों को क्लीन चिट मिल गई थी। अब इस मामले की सुनवाई जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा की अदालत में हो रही है। सिसोदिया का कहना है कि उन्हें इस अदालत से न्याय की कोई उम्मीद नहीं दिख रही है। उन्होंने इसे अपनी लड़ाई का अगला चरण बताते हुए सत्याग्रह का नाम दिया है।
जज पर लगाए गंभीर आरोप, हितों के टकराव का दिया हवाला
मनीष सिसोदिया ने अपने पत्र में जो बातें लिखी हैं, उसने कानूनी गलियारों में हड़कंप मचा दिया है। सिसोदिया ने सीधे तौर पर जज के बच्चों के करियर और केंद्र सरकार के कनेक्शन पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने पत्र में दावा किया कि जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा के बच्चों का भविष्य उन लोगों के हाथों में है जो केंद्र सरकार के पैनल में हैं। सिसोदिया ने कड़े शब्दों में लिखा, जब बच्चों का भविष्य तुषार मेहता जी के हाथों में हो, तो कोई निष्पक्ष फैसले की उम्मीद कैसे कर सकता है?
केजरीवाल ने पहले ही कर दिया था किनारा
आपको बता दें कि एक दिन पहले ही अरविंद केजरीवाल ने भी इसी तरह का कदम उठाया था। केजरीवाल ने एक वीडियो जारी कर स्पष्ट किया था कि जब न्यायपालिका की निष्पक्षता पर ही सवाल हों, तो महात्मा गांधी के बताए सत्याग्रह के रास्ते पर चलना ही एकमात्र विकल्प बचता है। जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा ने हालांकि केजरीवाल की उस याचिका को पहले ही खारिज कर दिया था जिसमें उन्होंने जज से खुद को केस से अलग करने की मांग की थी। कोर्ट ने इसे न्यायिक संस्था पर हमला बताया था।
अब आगे क्या होगा?
प्रशासन और कानूनी जानकार अब इस बात को लेकर उलझन में हैं कि आरोपियों और वकीलों की गैरमौजूदगी में अदालत की कार्यवाही कैसे आगे बढ़ेगी। सत्याग्रह के इस नए पैंतरे ने जांच एजेंसियों की भी मुश्किलें बढ़ा दी हैं। दिल्ली से लेकर रायपुर तक इस खबर ने राजनीतिक तापमान बढ़ा दिया है, क्योंकि छत्तीसगढ़ में भी आप कार्यकर्ता इसे केंद्र की तानाशाही के खिलाफ बड़ी लड़ाई बता रहे हैं।</description><guid>manish-sisodia-s-big-announcementb-after-arvind-kejriwal-sisodia-will-also-not-go-to-court-writes-letter-to-judge</guid><pubDate>28-Apr-2026 2:55:15 pm</pubDate></item><item><title>बटाला में अंधाधुंध फायरिंग, 2 युवकों की मौत व एक घायल</title><link>https://just36news.com/indiscriminate-firing-in-batala-two-youths-killed-and-one-injured</link><description>गरदासपुर : बटाला (जिला गुरदासपुर) के पुलिस स्टेशन घुमान के अधीन आते गांव भोमा में अंधाधुंध फखबरसामने आई है। इस दौरान 2 व्यक्तियों की मौत हो जाने की पुलिस द्वारा पुष्टि की गई है और एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया।


इस संबंध में मिली जानकारी के अनुसार गांव भोमा से पेरोसाह जाने वाली सड़क पर दो मोटरसाइकिल पर सवार छह व्यक्तियों द्वारा अंधाधुंध फायरिंग की गई है। इसमें कश्मीर सिंह और जुगराज सिंह की गोली लगने से मौके पर ही मौत हो गई। इस दौरान एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया जिसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया है। वहीं घटना की जानकारी मिलते ही थाना घुमान के एस.एच.ओ. सहित बड़ी संख्या में पुलिस पार्टी द्वारा मौके पर पहुंच कर घटना की जांच की जा रही है।

</description><guid>indiscriminate-firing-in-batala-two-youths-killed-and-one-injured</guid><pubDate>28-Apr-2026 2:49:17 pm</pubDate></item><item><title>दिल्ली में 5 दिन बंद रहेंगी शराब दुकानें, आबकारी विभाग ने जारी की ड्राई डे लिस्ट</title><link>https://just36news.com/liquor-shops-will-remain-closed-for-5-days-in-delhi-excise-department-released-b-dry-day-list</link><description>राजधानी दिल्ली में 1 मई को बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर पूरे शहर में शराब की दुकानें बंद रहेंगी। इस संबंध में दिल्ली सरकार ने आदेश जारी किया है। सरकार के फैसले के अनुसार, सिर्फ 1 मई ही नहीं बल्कि आने वाले महीनों में भी कई तारीखों पर शराब की बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। मई से सितंबर तक कुछ विशेष दिनों को ड्राई डे घोषित किया गया है, जिन दिनों राजधानी में किसी भी प्रकार की शराब की बिक्री नहीं होगी। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने सभी लाइसेंसधारकों को निर्देश दिया है कि वे निर्धारित दिनों में अपने प्रतिष्ठान पूरी तरह बंद रखें और नियमों का पालन सुनिश्चित करें।
दिल्ली सरकार ने लाइसेंस धारकों के लिए सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जिनका पालन करना अनिवार्य होगा। सरकार के आदेश के अनुसार, ड्राई डे वाले दिन न केवल शराब की दुकानें बंद रहेंगी, बल्कि बार, क्लब और रेस्टोरेंट में भी शराब की बिक्री और सर्विस पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। यानी इन दिनों किसी भी रूप में शराब की बिक्री या सप्लाई नहीं की जा सकेगी। हर वर्ष की तरह इस बार भी दिल्ली सरकार ने विभिन्न धार्मिक, सामाजिक और महत्वपूर्ण अवसरों को ध्यान में रखते हुए ड्राई डे घोषित किए हैं। इन तारीखों पर एक्साइज नियमों के तहत सख्ती से निगरानी की जाएगी।
कब-कब बंद रहेंगी शराब की दुकानें?
यह निर्णय दिल्ली उत्पाद शुल्क नियम, 2010 के नियम 52 के प्रावधानों के तहत लागू किया गया है। आबकारी विभाग के अनुसार, तय तारीखों पर राजधानी में शराब की बिक्री, सप्लाई और सर्विस पूरी तरह बंद रहेगी। घोषित ड्राई डे में प्रमुख तौर पर बुद्ध पूर्णिमा  1 मई ,ईद-उल-जुहा  27 मई ,मुहर्रम  26 जून ,स्वतंत्रता दिवस  15 अगस्त ,जन्माष्टमी  9 सितंबर इन सभी तारीखों पर शराब की दुकानें बंद रहेंगी और बार, क्लब तथा रेस्टोरेंट में भी शराब नहीं परोसी जाएगीa</description><guid>liquor-shops-will-remain-closed-for-5-days-in-delhi-excise-department-released-b-dry-day-list</guid><pubDate>28-Apr-2026 2:44:29 pm</pubDate></item><item><title>Assembly Election 2026 : शाम 5 बजे तक बंपर वोटिंगबंगाल में 89% और तमिलनाडु में 82% मतदान दर्ज</title><link>https://just36news.com/assembly-election-2026-umper-voting-till-5-pm-voting-recorded-in-bengal-and-82-in-tamil-nadu</link><description>Assembly Election 2026 LIVE : पश्चिम बंगाल की 152 और तमिलनाडु की 234 विधानसभा सीटों पर आज वोटिंग हो रही है। बंगाल में दो चरण में विधानसभा चुनाव होने हैं जिसमें आज यानी 23 अप्रैल को पहले चरण की वोटिंग हो रही है। पहले चरण में 152 सीटों पर मतदान हो रहा है। वहीं, तमिलनाडु की बात करें तो यहां सभी सीटों पर एक चरण में ही वोटिंग हो रही है। बीजेपी इन दोनों ही राज्यों में सत्ता में आने के लिए पूरा दमखम लगा रही है। वहीं, पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की टीएमसी के लिए सत्ता बचाए रखना बड़ी चुनौती है। तमिलनाडु में एमके स्टालिन के लिए भी एक बार फिर सरकार में आना आसान नहीं होगा।
शाम 5 बजे तक पश्चिम बंगाल में 89% मतदान
विधानसभा चुनाव के लिए पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में बंपर वोटिंग हुई है। शाम 5 बजे तक पश्चिम बंगाल में 89.93 प्रतिशत मतदान हुआ है। वहीं, तमिलनाडु में 82.24 फीसदी मतदान शाम 5 बजे तक हुआ है। दोनों ही राज्यों में वोटिंग को लेकर खासा उत्साह दिखा है।

सुबह 7 बजते ही दोनों राज्यों में वोटिंग शुरू हो गई जो शाम 6 बजे तक जारी रहेगी। सुबह 9 बजे तक पश्चिम बंगाल में 18.76% और तमिलनाडु में 17.69% मतदान हुआ। मौसम विभाग ने पश्चिम बंगाल समेत पूरे उत्तर और मध्य भारत में लू की चेतावनी जारी की है। ऐसे में ज्यादातर मतदाता सुबह और शाम के समय ही मतदान कर सकते हैं। दोपहर में तेज गर्मी के कारण मतदान कम रह सकता है। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में 5.73 करोड़ से ज्यादा वोटर 4,023 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला करेंगे।
चुनाव आयोग ने लगाई पाबंदी
चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव लड़ रहे उम्मीदवारों को निर्देश दिया है कि वे 23 अप्रैल को सुबह छह बजे से मतदान समाप्त होने तक अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों से बाहर नहीं जाएं। पहले चरण के चुनाव में गुरुवार को राज्य के 16 जिलों की 152 विधानसभा सीटों पर मतदान होगा। यहां कुल 1,478 उम्मीदवार मैदान में है। 3.60 करोड़ से अधिक मतदाता लगभग 44,376 बूथों पर वोट डालेंगे। इनमें 1.84 करोड़ पुरुष, 1.75 करोड़ महिला और 465 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि एक दिशानिर्देश के अनुसार, उम्मीदवारों को मतदान के समय अपने निर्वाचन क्षेत्रों में ही रहना चाहिए और किसी भी ऐसी गतिविधि में शामिल होने से बचना चाहिए जिससे चुनावी प्रक्रिया बाधित हो सकती है। उन्होंने कहा, सभी उम्मीदवारों से यह सुनिश्चित करने की अपेक्षा की जाती है कि मतदान स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो और मतदाता बिना किसी भय या बाधा के अपने लोकतांत्रिक अधिकारों का प्रयोग कर सकें। मतदान का दूसरा चरण 29 अप्रैल को होगा और मतगणना चार मई को होगी।

</description><guid>assembly-election-2026-umper-voting-till-5-pm-voting-recorded-in-bengal-and-82-in-tamil-nadu</guid><pubDate>23-Apr-2026 7:38:43 pm</pubDate></item><item><title>Petrol Diesel Price : क्या चुनाव के बाद बढ़ जाएगा पेट्रोल-डीजल...मोदी सरकार ने किया साफ, जानें क्या कहा?</title><link>https://just36news.com/petrol-diesel-price:-will-petrol-and-diesel-prices-increase-after-the-elections</link><description>Petrol Diesel Price In India: अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध में लगातर अपडेट आ रहा है। खासतौर पर होर्मुज स्ट्रेट को लेकर जो हालात बन रहे हैं, उन्होंने पूरी दुनिया की चिंता बढ़ा दी है। होर्मुज स्ट्रेट पर बन रहे हालात से दुनियाभर में टेंशन का माहौल है। क्योंकि यही वो समुद्री रास्ता है जहां से दुनिया का बड़ा हिस्सा तेल और गैस सप्लाई होता है। ऐसे में तेल के डैम बढ़ने की आशंका बनी हुई है। भारत में तेल पर अब तक बहुत बड़ा असर देखने को नहीं मिला है, लेकिन इस बात की आशंका जताई जा रही है कि पांच राज्यों में चुनाव खत्म होने के बाद तेल के दाम बढ़ सकते हैं। इसपर अब सरकार ने आधिकारिक प्रतिक्रिया जारी की है।
सरकार ने क्या कहा?
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने इन तमाम अटकलों को खारिज करते हुए साफ कहा है कि फिलहाल ईंधन की कीमतें बढ़ाने का कोई प्रस्ताव नहीं है। मंत्रालय के मुताबिक, जो खबरें चल रही हैं, वे पूरी तरह भ्रामक हैं और लोगों में बेवजह डर पैदा करने की कोशिश कर रही हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर भी मंत्रालय ने इसी बात को दोहराया। वहां साफ लिखा गया कि पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ाने को लेकर सरकार कोई विचार नहीं कर रही है। यानी फिलहाल आम लोगों को राहत की ही खबर है।
पिछले चार सालों में ईंधन की कीमतों में स्थिरता-सरकार
मंत्रालय ने यह भी बताया कि भारत उन चुनिंदा देशों में शामिल है जहां पिछले चार सालों में ईंधन की कीमतों में स्थिरता बनी रही है। सरकार और सरकारी तेल कंपनियों ने कोशिश की है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में चाहे जितनी भी उथल-पुथल हो, उसका सीधा असर आम जनता की जेब पर न पड़े। हालांकि, यह भी सच है कि ग्लोबल हालात पूरी तरह नजरअंदाज नहीं किए जा सकते। अगर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तनाव और बढ़ता है, खासकर होर्मुज स्ट्रेट जैसी अहम जगह पर, तो उसका असर दुनिया भर में तेल की सप्लाई पर पड़ सकता है। और ऐसे में कीमतों पर दबाव आना स्वाभाविक है।
अभी भारत में क्या हैं पेट्रोल के दाम?
भारत में पेट्रोल-डीजल रेट की बात करें तो दिल्ली में 1 लीटर पेट्रोल की कीमत 94.77 रुपये प्रति लीटर पर बनी हुई है। वहीं मुंबई की बात करें तो वहां 87.67 रुपये प्रति लीटर पेट्रोल का दाम है।</description><guid>petrol-diesel-price:-will-petrol-and-diesel-prices-increase-after-the-elections</guid><pubDate>23-Apr-2026 7:16:22 pm</pubDate></item><item><title>होर्मुज में एक के बदले 2 जहाज ईरान ने किए जब्त, मित्र देश के जहाजों पर भी एक्शन!</title><link>https://just36news.com/iran-seizes-two-ships-in-exchange-for-one-in-hormuz,-takes-action-against-allied-ships-too</link><description>ईरान ने 48 घंटे बाद इजराइल और अमेरिका से अपना बदला ले लिया है. 2 दिन पहले अमेरिका ने ईरान के एक जहाज पर हमला कर दिया था.
ईरान ने दावा किया है कि उसने इजराइल से जुड़े 2 जहाजों को अपने कंट्रोल में ले लिया है. इन सभी जहाजों पर बोट के जरिए अटैक किया गया है. ईरानी मीडिया का कहना है कि ग्रीक के एक जहाज पर भी हमला किया गया है, लेकिन यह तय नहीं है कि इसे अभी जब्त किया गया है या नहीं.
जिन जहाजों को ईरान ने कंट्रोल में लिया है, उसका नाम MSC- FRANCESCA और EPAMINODES है. तीसरे जहाज के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं दी गई है. इन जहाजों पर क्या लदा था, इसके बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई है. सरकारी बयान में आईआरजीसी ने इन जहाजों का कनेक्शन यहूदी शासन से जोड़ा है.
ईरान ने बुधवार को संसद में 12 प्वॉइंट वाला एक प्लान को अमल में लाने की बात कही गई है. इसके तहत होर्मुज से किसी भी इजराइली जहाजों को नहीं गुजरने देने की बात कही गई है. इसके अलावा उसके मित्र देश के जहाजों पर भी ईरान ने एक्शन लेने की बात कही है.
मरीन ट्रैफिक के मुताबिक इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने नाव के जरिए ओमान के पास दो जहाजों को घेर लिया. इन जहाजों पर पहले फायरिंग की गई और फिर इसे कब्जे में ले लिया. इसके बाद होर्मुज के पास ग्रीक के एक और जहाज को ईरान ने कब्जे में लिया है.
ईरान संसद में पेश बिल के मुताबिक जो भी होर्मुज में नियमों का पालन नहीं करने वाले जहाजों को पहले जब्त किया जाएगा. इसके बाद उस पर लदे माल से 20 प्रतिशत जुर्माने के तौर पर वसूला जाएगा.
बताते चले कि इससे पहले रविवार (20 अप्रैल) को ईरान के एक जहाज पर अमेरिकी सेना ने हमला किया था. हमले के बाद अमेरिकी सेना ने इस जहाज को जब्त कर लिया था. अमेरिकी मीडिया के मुताबिक जहाज पर चीन से मिसाइल बनाने का सामान लदा था. सेंटकॉम ने इस जहाज को अभी तक अपने कंट्रोल में ले रखा है.</description><guid>iran-seizes-two-ships-in-exchange-for-one-in-hormuz,-takes-action-against-allied-ships-too</guid><pubDate>22-Apr-2026 8:15:15 pm</pubDate></item><item><title>परिसीमन पर दक्षिण के राज्यों से पीएम नरेंद्र मोदी ने किया वादा, जानिए भाषण की बड़ी बातें</title><link>https://just36news.com/pm-narendra-modi-made-a-promise-to-the-southern-states-on-delimitation</link><description>पीएम नरेंद्र मोदी ने देश में परिसीमन के अनुपात में कोई बदलाव नहीं होने का आश्वासन देते हुए गुरुवार को लोकसभा में सभी राजनीतिक दलों से महिला आरक्षण अधिनियम संबंधी संविधान संशोधन विधेयक को सर्वसम्मति से पारित करने की अपील।पीएम नरेंद्र मोदी नेकहा कि जो भी इसका विरोध करेंगे, उन्हें लंबे समय तक इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीने महिला आरक्षण अधिनियम से संबंधित संविधान (131वां) संशोधन विधेयक 2026, परिसीमन विधेयक, 2026 और संघ राज्य विधि (संशोधन) विधेयक, 2026 पर अपने विचार रखते हुए यह भी कहा कि इस विषय को राजनीति के तराजू से नहीं तौलना चाहिए और इसका श्रेय वह विपक्षी दलों को भी देने को तैयार हैं।
उन्होंने कहा, हमारे देश में जबसेमहिला आरक्षणको लेकर चर्चा शुरू हुई है और जब-जब चुनाव आया है, जिस दल ने महिलाओं को मिलने वाले इस अधिकार का विरोध किया है, देश की महिलाओं ने उन्हें माफ नहीं किया। पीएम मोदी ने कहा, 2024 के चुनाव में ऐसा नहीं हुआ क्योंकि सब ने (2023 में) सहमति से इसे (महिला आरक्षण विधेयक) पारित किया था। किसी का राजनीतिक फायदा नहीं हुआ, किसी का नुकसान नहीं हुआ।
आइए जानते हैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाषण की बड़ी बातें

    पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा, अगर हम सब साथ में रहेंगे तो इतिहास गवाह है कि यह किसी के राजनीतिक पक्ष में नहीं जाएगा, देश के लोकतंत्र और सामूहिक निर्णय के पक्ष में जाएगा। जिन्हें इसमें राजनीति की बू आ रही है। वे खुद के 30 साल के परिणामों को देख लें। उनका इसमें ही फायदा है। नुकसान से बच जाएंगे। राजनीतिक रंग देने की जरूरत नहीं। जो विरोध करेंगे उन्हें लंबे समय तक इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी।
    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिला आरक्षण औरपरिसीमनके लिए विधेयक एक साथ लाने पर और कुछ राज्यों के साथ भेदभाव होने संबंधी कुछ विपक्षी सदस्यों की आशंकाओं को खारिज करते हुए कहा, संविधान ने हमें यहां बैठकर देश को टुकड़ों में सोचने का अधिकार ही नहीं दिया है। ना टुकड़ों में सोच सकते हैं, न टुकड़ों में निर्णय ले सकते हैं। निराधार बात है, इसमें रत्ती भर सचाई नहीं है।
    उन्होंने कहा, केवल राजनीतिक लाभ लेने के लिए बवंडर खड़ा किया जा रहा है। मैं बड़ी जिम्मेदारी से आज सदन में कहना चाहता हूं कि दक्षिण हो, उत्तर हो, पूरब हो पश्विम हो, छोटे राज्य हों, बड़े राज्य हों.. निर्णय प्रकिया किसी के साथ भेदभाव नहीं करेगी। यह निर्णय प्रक्रिया किसी के साथ अन्याय नहीं करेगी।
    पीएम मोदी ने कहा, अतीत में जो सरकारें रहीं, जिनके कालखंड में परिसीमन हुआ और जो अनुपात उस समय से चला आ रहा है, उसमें कोई बदलाव नहीं होगा और वृद्धि भी उसी अनुपात में होगी।
    जब तमिलनाडु की एक सांसद ने गारंटी देने की बात कही तो प्रधानमंत्री ने कहा, अगर गारंटी शब्द चाहिए तो मैं गारंटी देता हूं, वादा शब्द चाहें ते इसका इस्तेमाल करता हूं। तमिल में केोई अच्छा शब्द हो तो उसका इस्तेमाल करता हूं। नीयत साफ है तो शब्दों का खेल करने की कोई जरूरत नहीं है।
    उन्होंने कहा कि जब 25-30 साल पहले महिला आरक्षण का विचार आया था तभी इसे लागू कर दिया जाना चाहिए था। उन्होंने कहा, हम सब भाग्यवान हैं कि हमें देश की आधी आबादी को इस राष्ट्र निर्माण की नीति निर्धारण प्रक्रिया में हिस्सा बनाने का सौभाग्य मिला है।पीएम मोदी ने कहा कि हम सभी को इस अहंकार में नहीं रहना चाहिए कि हम नारी शक्ति को कुछ दे रहे हैं। यह उसका अधिकार है।
    उन्होंने कुछ विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि समय-समय पर सभी ने 33 प्रतिशत महिला आरक्षण का समर्थन तो किया लेकिन किसी न किसी बहाने से इसे रोकने का प्रयास करते रहे। उन्होंने कहा तरह-तरह की बहानेबाजी और चीजों को उलझाना अब नहीं चलेगा। प्रधानमंत्री ने कहा, यहां कुछ लोगों को लगता है कि इसमें मोदी का राजनीतिक स्वार्थ है। अगर आप इसका विरोध करेंगे तो स्वाभाविक है कि मुझे इसका राजनीतिक लाभ होगा। लेकिन साथ चलेंगे तो किसी को इसका लाभ नहीं होगा।
</description><guid>pm-narendra-modi-made-a-promise-to-the-southern-states-on-delimitation</guid><pubDate>16-Apr-2026 7:45:41 pm</pubDate></item><item><title>दुश्मन की हर चाल पर अजीत की नजर, सेना को मिले 500 हाई-टेक स्वदेशी ड्रोन</title><link>https://just36news.com/-keeps-an-eye-on-every-move-of-the-enemy,-army-gets-500-high-tech-indigenous-drones</link><description>नई दिल्ली।भारत की रक्षा ताकत को नई मजबूती देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। चेन्नई की जुप्पा जिओ नेविगेशन टेक्नोलॉजी ने पिछले तीन महीनों में भारतीय सेना को 500 से ज्यादा अजीत सीरीज के हाई-टेक ड्रोन सौंपे हैं। ये ड्रोन सेना की फ्रंटलाइन यूनिट्स के लिए तैयार किए गए हैं और दुश्मन की हर गतिविधि पर नजर रखने, रियल टाइम जानकारी जुटाने और सीमावर्ती इलाकों में निगरानी मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएंगे।
अजीत ड्रोन छोटे, हल्के और पोर्टेबल हैं, जिन्हें सैनिक आसानी से अपने साथ ले जा सकते हैं। कुछ ड्रोन इतने कॉम्पैक्ट हैं कि बैकपैक में भी रखे जा सकते हैं। इनमें दिन और रात दोनों समय काम करने वाले कैमरे लगे हैं, जिससे हर परिस्थिति में निगरानी संभव है। बड़े मॉडल करीब एक घंटे तक उड़ान भर सकते हैं और कई किलोमीटर तक की दूरी कवर कर सकते हैं।
इन ड्रोन की सबसे बड़ी खासियत इनकी साइबर सुरक्षा है। आधुनिक युद्ध में ड्रोन हैकिंग, सिग्नल जैमिंग और गलत सिग्नल देकर सिस्टम को भ्रमित करने का खतरा बढ़ गया है। इन्हीं चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए इन्हें तैयार किया गया है। इनमें नवगति नाम का ऑटो पायलट सिस्टम लगा है, जो बिना GPS के भी काम कर सकता है। यानी जहां सिग्नल उपलब्ध नहीं होते या इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर की स्थिति होती है, वहां भी ये ड्रोन अपना मिशन पूरा करने में सक्षम हैं।
सेना के जवानों को इन ड्रोन के संचालन और रखरखाव की ट्रेनिंग भी दी गई है। साथ ही एक साथ कई ड्रोन उड़ाने यानी स्वॉर्म ऑपरेशन की भी ट्रेनिंग दी गई है, जिससे बड़े इलाके की निगरानी और ऑपरेशन को अधिक प्रभावी बनाया जा सके। ये ड्रोन STQC से प्रमाणित हैं और सुरक्षा व गुणवत्ता के सभी मानकों पर खरे उतरे हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि पहले भारत विदेशी और खासकर चीनी ड्रोन सिस्टम पर निर्भर था, लेकिन अब स्वदेशी तकनीक के जरिए देश आत्मनिर्भरता की ओर तेजी से बढ़ रहा है। अजीत सीरीज के ड्रोन इसी बदलाव का बड़ा उदाहरण हैं, जो भारतीय सेना को आधुनिक युद्ध के लिए और अधिक सक्षम बना रहे हैं।



</description><guid>-keeps-an-eye-on-every-move-of-the-enemy,-army-gets-500-high-tech-indigenous-drones</guid><pubDate>16-Apr-2026 1:23:29 pm</pubDate></item><item><title>संसद के विशेष सत्र की कार्यवाही शुरू, लोकसभा में पेश हुआ परिसीमन बिल</title><link>https://just36news.com/the-proceedings-of-the-special-session-of-parliament-began-the-delimitation-bill-was-introduced-in-the-lok-sabha</link><description>नई दिल्ली। आज से संसद का तीन दिवसीय विशेष सत्र शुरू हो चुका है। जिसमें कई अहम विधायी प्रस्तावों पर चर्चा की जाएगी। इसमें 2029 तक महिलाओं के लिए आरक्षण कानून को लागू करना और लोकसभा की सदस्य संख्या को बढ़ाकर 850 तक करना है।
वहीं वहीं केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने लोकसभा में परिसीमन बिल पेश कर दिया है। इसी के साथ ही आज दोपहर करीब 3 बजे पीएम मोदी सदन को संबोधित करेंगे।</description><guid>the-proceedings-of-the-special-session-of-parliament-began-the-delimitation-bill-was-introduced-in-the-lok-sabha</guid><pubDate>16-Apr-2026 12:54:40 pm</pubDate></item><item><title>BREAKING : बिहार कैबिनेट के विभागों में बंटवारा, CM चौधरी के पास 29 विभाग, जानिए किसे मिली कौन सी जिम्मेदारी</title><link>https://just36news.com/breaking-bihar-cabinet-portfolios-divide-cm-chaudhary-gets-29-departments-find-out-who-gets-which-responsibility</link><description>डेस्क। बिहार कैबिनेट का विभागों का बंटवारा किया गया है। CM सम्राट चौधरी ने 29 विभाग अपने पास रखे हैं, जिनमें गृह, कृषि, स्वास्थ्य, पर्यटन, कला एवं संस्कृति और खेल शामिल हैं।
वहीं, उप मुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी को जल संसाधन, संसदीय कार्य, सूचना एवं जनसंपर्क, भवन निर्माण, अल्पसंख्यक कल्याण सहित कुल 10 विभागों की जिम्मेदारी दी गई है. इन विभागों को सरकार के लिए अहम माना जाता है, जिससे उनकी भूमिका भी महत्वपूर्ण हो जाती है. दूसरे उप मुख्यमंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव को ऊर्जा, योजना एवं विकास, मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन सहित कुल 8 विभागों की जिम्मेदारी सौंपी गई है.
</description><guid>breaking-bihar-cabinet-portfolios-divide-cm-chaudhary-gets-29-departments-find-out-who-gets-which-responsibility</guid><pubDate>16-Apr-2026 10:20:01 am</pubDate></item><item><title>सम्राट चौधरी होंगे बिहार के नए CM, BJP विधायक दल की बैठक में लगी मुहर, कल लेंगे शपथ</title><link>https://just36news.com/samrat-choudhary-will-be-the-new-chief-minister-of-bihar,-approved-in</link><description>पटना:सम्राट चौधरी बिहार के नए CM होंगे. उन्हें बीजेपी विधायक दल का नेता चुना गया है. कल 15 अप्रैल को लोकभवन में शपथग्रहण समारोह होगा. आज नीतीश कुमार ने बिहार के मुख्यमंत्री पद से अपना इस्तीफा दे दिया. वे सम्राट चौधरी और विजय चौधरी के साथ एक ही गाड़ी से राजभवन पहुंचे और राज्यपाल को इस्तीफा सौंपा. इस्तीफे के बाद उन्होंने X पर लिखा- 'अब नई सरकार यहां का काम देखेगी. नई सरकार को मेरा पूरा सहयोग रहेगा. आगे भी बहुत अच्छा काम होगा, बिहार बहुत आगे बढ़ेगा. '

सम्राट चौधरी न राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की पाठशाला से निकले हैं और न ही बीजेपी से अपनी सियासी पारी की आगाज किया है. इसके बाद भी बीजेपी की मिट्टी में सम्राट इस तरह फले फूले के बिहार के चौधरी बनकर उभरे हैं.

राबड़ी देवी की आरजेडी सरकार में सम्राट सबसे युवा मंत्री रहे तो मांझी की सरकार में कैबिनेट मंत्री बने, लेकिन सियासी बुलंदी बीजेपी में मिली. बीजेपी में आए हुए सम्राट चौधरी को सिर्फ 8 साल ही हुए हैं, लेकिन राजनीतिक पिच पर उन्होंने तमाम दिग्गज नेताओं को पीछे छोड़ दिया है.

सम्राट चौधरी को सियासत अपने पिता शकुनी चौधरी से विरासत में मिली है. शकुनी चौधरी बिहार की राजनीति के दिग्गज नेता रहे हैं, जो कांग्रेस से लेकर समता पार्टी और आरजेडी तक में रहे. विधायक से लेकर सांसद तक का सफर तय किया, बिहार की सियासत में ओबीसी चेहरा माने जाते थे. सम्राट चौधरी अपने पिता शकुनी चौधरी के राजनीतिक ताकत के सहारे सियासी पिच पर उतरे और फिर पलटकर नहीं देखा.









सम्राट चौधरी (राकेश कुमार) बिहार की राजनीति में एक प्रमुख भाजपा नेता हैं, जिन्होंने 1990 के दशक में आरजेडी से अपने सियासी सफर की शुरुआत की. दिग्गज नेता शकुनी चौधरी के बेटे, सम्राट 19 साल की उम्र में मंत्री बने थे. 1999 में राबड़ी देवी सरकार में सबसे युवा मंत्रियों में से एक बने, उनके पिता समता पार्टी छोड़कर लालू यादव के साथ आए थे. इसके बदले में लालू ने सम्राट चौधरी को एमएलसी बनाकर मंत्री बनाया था, लेकिन उम्र को लेकर सियासी विवाद छिड़ा, जिसके बाद उन्होंने मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था.



सम्राट चौधरी ने आरजेडी छोड़कर जेडीयू में शामिल हो गए. 2014 में नीतीश कुमार ने सीएम पद छोड़ा तो जीतनराम मांझी को मुख्यमंत्री बनाया गया था. सम्राट चौधरी बिहार में मांझी सरकार में कैबिनेट मंत्री बने. मांझी के बाद नीतीश दोबारा से सीएम बने तो सम्राट चौधरी को कैबिनेट में जगह नहीं मिल सकी. जेडीयू में बहुत ज्यादा राजनीतिक तवज्जे नहीं मिलने से सम्राट कुमार का नीतीश कुमार से सियासी मोहभंग हो गया, जिसके चलते उन्होंने जेडीयू को अलविदा कह दिया.

जेडीयू छोड़ने के बाद सम्राट चौधरी ने साल 2018 में बीजेपी का दामन थाम लिया. सम्राट चौधरी भले ही कई दलों से होते हुए बीजेपी में आए हों, लेकिन उन्हें सियासी बुलंदी बीजेपी में ही मिली है. बीजेपी की मिट्टी में खूब फले फूले. 2017 में सम्राट चौधरी बीजेपी में एंट्री करते हैं और आज प्रदेश भाजपा के नंबर वन पोजीशन पर विराजमान हो गए. 2019 में नित्यानंद राय जब प्रदेश अध्यक्ष थे तो सम्राट चौधरी को उपाध्यक्ष बनाया गया.

सम्राट चौधरी बीजेपी में शामिल हुए तो उस वक़्त एनडीए की सरकार में उन्हें पंचायती राज मंत्री भी बनाया गया था. 2020 में बीजेपी से विधान परिषद पहुंचते हैं. अगस्त 2022 में जब नीतीश कुमार ने बीजेपी से नाता तोड़कर आरजेडी के साथ महागठबंधन सरकार बनाई थी, तब सम्राट चौधरी को सियासी पहचान मिली. सम्राट चौधरी विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष बने. साल 2023 में सम्राट चौधरी बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष बने और इसके बाद नीतीश कुमार दोबारा से एनडीए में वापसी की तो डिप्टीसीएम की कुर्सी सौंप दी गई.

2025 के विधानसभा चुनाव में विपक्षी दलों के के निशाने पर सबसे ज्यादा सम्राट चौधरी की रहे, जिसका नतीजा था कि एनडीए की वापसी हुई तो फिर डिप्टीसीएम बनाए गए. अब मुख्यमंत्री की कुर्सी चंद कदम दूर रह गई है. बीजेपी उनके कोइरी समाज के सियासी ताकत को देखते हुए राजनीतिक अहमियत देने का काम किया.


</description><guid>samrat-choudhary-will-be-the-new-chief-minister-of-bihar,-approved-in</guid><pubDate>14-Apr-2026 5:10:00 pm</pubDate></item><item><title>17 अप्रैल को होगा राज्यसभा उपसभापति का चुनाव, सुबह 11 बजे से प्रक्रिया शुरू</title><link>https://just36news.com/rajya-sabha-deputy-chairman-election-to-be-held-on-april-17-process-to-begin-at-11-am</link><description>डेस्क। राज्यसभा सचिवालय ने घोषणा की है कि उपसभापति पद के लिए चुनाव शुक्रवार, 17 अप्रैल 2026 को सुबह 11 बजे आयोजित किया जाएगा। यह चुनाव सदन में आवश्यक कागजात और रिपोर्ट पेश किए जाने के बाद संपन्न होगा।


उपसभापति पद के लिए यह चुनाव संसद के उच्च सदन में महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जिसमें विभिन्न दलों के बीच सहमति या मुकाबला देखने को मिल सकता है। चुनाव प्रक्रिया के तहत निर्धारित समय पर सदस्यों द्वारा मतदान किया जाएगा और परिणाम उसी दिन घोषित किए जाने की संभावना है।




</description><guid>rajya-sabha-deputy-chairman-election-to-be-held-on-april-17-process-to-begin-at-11-am</guid><pubDate>14-Apr-2026 11:48:52 am</pubDate></item><item><title>ACCIDENT:-वैन और सीमेंट मिक्सर गाड़ी की जोरदार टक्कर, 11 लोगों की मौत, दो घायल</title><link>https://just36news.com/accident-a-van-and-a-cement-mixer-collided-killing-11-people-and-injuring-two-</link><description>ठाणे। महाराष्ट्र के ठाणे जिले में सोमवार को भीषण सड़क दुर्घटना हो गई। जानकारी के अनुसार वैन और सीमेंट मिक्सर गाड़ी की टक्कर होने से 11 लोगों की मौत हो गई। जबकि हादसे में दो लोग घायल हुए हैं।
यह घटना सुबह करीब 11:30 बजे मुरबाड के गोविली गांव में रैता पुल पर हुई। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, विपरीत दिशा से आ रहे एक सीमेंट मिक्सर से वैन की सीधी टक्कर हो गई। इस टक्कर की भयावहता इतनी अधिक थी कि वैन में सवार 11 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई।</description><guid>accident-a-van-and-a-cement-mixer-collided-killing-11-people-and-injuring-two-</guid><pubDate>14-Apr-2026 11:40:48 am</pubDate></item><item><title>शांति वार्ता फेल हुई तो ट्रंप ने किया होर्मुज स्ट्रेट नाकेबंदी का ऐलान, कच्चे तेल की कीमतों में आएगी भारी उछाल!</title><link>https://just36news.com/trump-announces-blockade-of-strait-of-hormuz-as-peace-talks-fail-crude-oil-prices-to-surge</link><description>US Iran War Update: शनिवार 11 अप्रैल को पाकिस्तान के इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव को लेकर शांति वार्ता बुलाई गई थी। लेकिन 21 घंटे तक चली शांति वार्ता बिना किसी नतीजे पर पहुंचे खत्म हो गई। इससे अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध विराम की संभावनाएं भी धुंधली हो गईं। वहीं इस शांति वार्ता के फेल होने से पाकिस्तान की भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारी बेइज्जती हो रही है। तो वहीं दूसरी ओर ईरान ने होर्मुज खोलने से साफ इनकार कर दिया है। ईरान ने अमेरिका को चेतावनी दी है कि अगर उसके बंदरगाहों को निशाना बनाया गया, तो फारस की खाड़ी और ओमान सागर में कोई भी पोर्ट सुरक्षित नहीं रहेगा
अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने घोषणा की है कि अमेरिका सोमवार से ईरान के बंदरगाहों और तटीय इलाकों पर नाकाबंदी (ब्लॉकेड) लागू करने की तैयारी कर रहा है। इसके तहत ईरान के बंदरगाहों में आने-जाने वाले सभी देशों के जहाजों पर नजर रखी जाएगी और उन्हें रोका जा सकता है। शांति वार्ता के असफल होने से डोनाल्ड ट्रंप नेचीन को साफ चेतावनी दी है कि अगर उसने ईरान की सैन्य मदद की, तो अमेरिका उस पर 50% तक भारी टैरिफ लगा देगा।
बता दें कि, मिडिल ईस्ट का बड़ा हिस्सा तेल दुनिया के अलग-अलग देशों तक पहुंचता है। ईरान का दावा है कि, होर्मुज स्ट्रेट पूरी तरह उसके कंट्रोल में है और वहां से गुजरने वाले जहाजों को रियाल में टोल देना जरूरी होगा। अगर होर्मुज में पूरी तरह नाकेबंदी होती है, तो इसका असर पूरी दुनिया पर पड़ेगा और तेल की कीमतें तेजी से बढ़ सकती हैं। इसी वजह से अमेरिकी नौसेना ने ईरानी टैंकरों को पूरी तरह रोकने से बचा हुआ था, ताकि बाजार में तेल की सप्लाई बनी रहे और कीमतें ज्यादा न बढ़ें।</description><guid>trump-announces-blockade-of-strait-of-hormuz-as-peace-talks-fail-crude-oil-prices-to-surge</guid><pubDate>13-Apr-2026 7:35:39 pm</pubDate></item><item><title>19 या 20 अप्रैल कब है अक्षय तृतीया? यहां देखें क्या है इसकी सही तिथि और पूजा का शुभ मुहूर्त</title><link>https://just36news.com/when-is-akshaya-tritiya-april-19th-or-20tfind-out-the-exact-date-and-auspicious-time-for-worship-here</link><description>Akshaya Tritiya 2026: हिंदू धर्म में तीज त्योहारों का विशेष महत्व होता है। ठीक वैसे ही अक्षय तृतीया का भी खास महत्व होता है। इसे आखा तीज और अक्ती के नाम से भी जाना जाता है। मान्यता है कि इस दिन किया गया जप, तप व दान कभी व्यर्थ नहीं जाता है। ऐसा करने से युगों-युगों तक इनका पुण्य फल प्राप्त होता है। तो चलिए जानते हैं इस बार अक्षय तृतीया कब मनाई जाएगी।
पंचांग के अनुसार, 19 अप्रैल को सुबह 10 बजकर 45 मिनट से लेकर 20 अप्रैल को 7 बजकर 49 मिनट तक रहेगी। इस समय में देवी मां लक्ष्मी की पूजा करना शुभ माना गया है। इस दिन किसी भी शुभ कार्य के लिए अलग से मुहूर्त देखने की जरूरत नहीं होती है। मसलन विवाह, गृह प्रवेश, नया व्यवसाय, संपत्ति क्रय और मांगलिक कार्य इस दिन बिना मुहूर्त के किए जा सकते हैं।
पूजा विधि
अक्षय तृतीया वाले दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान कर साफ कपड़े पहने और व्रत का संकल्प लें। इसके बाद तुलसी के पास घी का दीपक जलाएं और रोली, चंदन, फूल और फल अर्पित करें। इसके बाद मिठाई का भोग लगाकर तुलसी की 7 या 11 बार परिक्रमा करें
इस पूजा से घर में सुख-शांति और समृद्धि का वास होता है।
बता दें कि, अक्षय तृतीया का दिन माता लक्ष्मी और भगवान विष्णु की पूजा के लिए शुभ माना जाता है। इस दिन संपत्ति और निवेश से जुड़े कार्य करना अत्यंत शुभ माना गया जाता है. सोना-चांदी खरीदना, भूमि या भवन खरीदना, नया व्यवसाय शुरू करना शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन किया गया दान, जप और खरीदारी अक्षय फलदायी मानी जाती है। कई लोग इस दिन नए कार्य, व्यापार या निवेश की शुरुआत को भी शुभ मानते हैं।</description><guid>when-is-akshaya-tritiya-april-19th-or-20tfind-out-the-exact-date-and-auspicious-time-for-worship-here</guid><pubDate>13-Apr-2026 7:27:08 pm</pubDate></item><item><title>पंचतत्व में विलीन हुई सुरों की मल्लिका आशा भोसले, राजकीय सम्मान के साथ हुआ अंतिम संस्कार</title><link>https://just36news.com/melody-queen-asha-bhosle-merged-with-the-five-element-last-rites-performed-with-state-honour</link><description>मुंबई।भारत की मशहूर और सुरों की मल्लिका आशा भोसले का कल रविवार कोमुंबई के ब्रीच कैंडी हॉस्पिटल में92 साल की उम्र में निधन हो गया। उनके निधन से पूरा देश शोक में डूबा हुआ है और संगीत का एक स्वर्णिम युग हमेशा के लिए यादों में बदल गया है। वहीं आज सोमवार को मुंबई के ऐतिहासिक शिवाजी पार्क में पूरे राजकीय सम्मान और विधि-विधान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। उनके बेटे आनंद ने उन्हें नम आंखों से मुखाग्नि दी।
बता दें कि, मशहूर सिंगर आशा भोसले के पार्थिव शरीर को तिरंगे में लपेटा गया। लोग मुंबई में उनके घर पर उन्हें आखिरी श्रद्धांजलि अर्पित करने पहुंचे। उनके अंतिम दर्शन के लिए सिनेमा, खेल और राजनीति जगत की दिग्गज हस्तियां पहुंचीं।
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, एआर रहमान, शबाना आजमी, रणवीर सिंह, तब्बू, जैकी श्रॉफ, फरहान अख्तर, सचिन तेंदुल्कर, मोहम्मद शिराज, विक्की कौशल, हेलन और अनुराधा पौडवाल जैसे कलाकारों और खेल जगत के दिग्गजों ने उन्हें नमन किया।</description><guid>melody-queen-asha-bhosle-merged-with-the-five-element-last-rites-performed-with-state-honour</guid><pubDate>13-Apr-2026 7:23:41 pm</pubDate></item><item><title>सैलरी की मांग को लेकर भारी बवाल, कर्मचारियों ने गाड़ियों में तोड़फोड़ कर लगाई आग, भारी पुलिस बल तैनात</title><link>https://just36news.com/massive-uproar-over-salary-demands;-employees-vandalized-and-</link><description>नोएडा।उत्तर प्रदेश के नोएडा के फेज-2 इलाके में बीते कुछ दिनों से भारी बवाल देखने को मिल रही है। जहां वेतन वृद्धि को लेकर कर्मचारी प्रदर्शन कर रहे हैं। लेकिन देखते ही देखते इस प्रदर्शन ने हिंसक रूप ले लिया। जिसके बाद पुलिस और कर्मचारियों के बीच झड़प हो गई। आक्रोशित भीड़ ने वाहनों में तोड़फोड़ की। जिसका वीडियो भी सामने आया है।
जानकारी के अनुसार, आज सुबह एक प्राइवेट कंपनी के कर्मचारी वेतन की मांग को लेकर इकट्ठा हुए थे। । इस दौरान प्रदर्शन उग्र हो गया और कुछ स्थानों पर गाड़ियों और संपत्ति में तोड़फोड़ तथा पथराव की घटनाएं सामने आईं। हालात बिगड़ने के बाद मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। आक्रोशित भीड़ को कंट्रोल करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े। कंपनी में भी तोड़फोड़ की गई। इस दौरान पुलिसकर्मी भी घायल हो गए।
बता दें कि, कर्मचारी नोएडा की कंपनी में काम करते हैं और काफी समय से सैलरी बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी कर्मचारियों का आरोप है कि, उन्हें 9 से 13 हजार की सैलरी में 10-10 घंटे काम करवाया जाता है, जबकि वे बेहतर वेतन और कार्य समय में सुधार की मांग कर रहे हैं। उनकी मांग है की 8 घंटे की ड्यूटी हो और सैलरी 20 हजार हो। तीन दिन से मजदूरों की पुलिस और प्रशासन से बातचीत चल रही थी लेकिन आज अचानक से मजदूर उग्र हुए और तोड़फोड़ शुरू कर दी।
वहीं हालात बिगड़ते देख डीएम और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। लोगों से बातचीत कर उन्हें समझाइश देते हुए आश्वासन दिया की उनकी सैलरी से जुड़ी सभी समस्याएं सुलझा ली जाएंगी। हंगामे के कारण राहगीरों का निकलना मुश्किल हो गया है। मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद है।
</description><guid>massive-uproar-over-salary-demands;-employees-vandalized-and-</guid><pubDate>13-Apr-2026 4:10:23 pm</pubDate></item><item><title>नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में बोले पीएम मोदी : सामाजिक न्याय सिर्फ नारा नहीं रहेगा</title><link>https://just36news.com/social-justice-will-not-remain-just-a-slogan:-pm-modi-at-nari-shakti-vandan-sammelan</link><description>नई दिल्ल।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को विज्ञान भवन में आयोजित नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए पहुंचे। इस कार्यक्रम का आयोजन ऐसे समय में किया जा रहा है जब सरकार ने आगामी 16-18 अप्रैल तक तीन दिवसीय विशेष सत्र बुलाया है। कार्यक्रम की शुरुआत वंदे मातरम के गायन के साथ हुई।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर बोलते हुए और महिलाओं की बढ़ती भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा, '' देश की विकास यात्रा के अहम पड़ावों के बीच भारत 21वीं सदी के सबसे बड़े निर्णयों में से एक निर्णय लेने जा रहा है। यह फैसला नारी शक्ति को और नारी शक्ति वंदन को समर्पित है। हमारे देश की संसद एक नया इतिहास रचने के करीब है। यह इतिहास अतीत की संकल्पनाओं को साकार करेगा और भविष्य के संकल्पों को पूरा करेगा।''

सामाजिक न्याय सिर्फ नारा नहीं रहेगा : पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, ''यह एक ऐसे समतामूलक भारत के निर्माण का संकल्प है, जहां सामाजिक न्याय सिर्फ नारा नहीं हो। लेकिन हमारी कार्यसंस्कृति, हमारी निर्णय प्रक्रिया का स्वाभाविक हिस्सा हो। राज्यों की विधानसभाओं से लेकर देश की संसद तक दशकों की प्रतीक्षा के अंत का समय 16, 17 और 18 अप्रैल है।''

उन्होंने आगे कहा, ''2023 में नई संसद में नारी शक्ति वंदन अधिनियम के रूप में प्रथम कदम उठाया था। वह समय से लागू हो सके, महिलाओं की भागीदारी हमारे लोकतंत्र को मजबूती दे, इसके लिए 16 अप्रैल से संसद के बजट सत्र की विशेष बैठक का आयोजन होने जा रहा है। आज इस कार्यक्रम के जरिए हमें देश की कोटि-कोटि माताओं-बहनों का आशीर्वाद मिल रहा है।''
महिलाओं को एक नए युग के आगमन की बधाई : प्रधानमंत्री
उन्होंने कहा कि मैं भारत की सभी महिलाओं को एक नए युग के आगमन की बधाई देता हूं। लोकतांत्रिक संरचना में महिलाओं को आरक्षण देने की जरूरत दशकों से हर कोई महसूस कर रहा है। इश विमर्श को चार दशक यानी चालीस साल बीत गए। इसमें सभी पार्टियों के और कई पीढ़ियों के प्रयास शामिल हैं। 2023 में जब नारी शक्ति वंदन अधिनियम आया था, तब सभी दलों ने एक सुर में इसे पारित कराया था।
इस कार्यक्रम में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि मोदी सरकार के दौरान महिलाओं को लेकर जमीनी स्तर पर कार्य किए गए हैं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार में विदेश मंत्री से लेकर वित्त मंत्री तक के बड़े पदों पर महिलाएं रहीं। उन्होंने खुद का उदाहरण देते हुए कहा कि मोदी सरकार के दौरान दिल्ली के मुख्यमंत्री के रूप में मुझे भी काम करने का मौका मिला है।सम्मेलन में केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने कहा कि आज का यह कार्यक्रम राष्ट्रीय निर्माण की नई और प्रेरक गाथा का उत्सव है। यह वह पावन क्षण है, जब संकल्प, समर्पण और सफलता का संगम हमारे सामने साकार हो रहा है। नारी शक्ति वंदन अधिनियम हमारी मातृशक्ति के वर्षों के संघर्ष और साधना की लोकतांत्रिक सिद्धि का महापर्व है।

शासन और नेतृत्व में महिलाओं की बढ़ती भूमिका
इस सम्मेलन के आयोजन का मकसद पंचायतों से लेकर संसद तक, सभी स्तरों पर शासन और नेतृत्व में महिलाओं की बढ़ती भूमिका को रेखांकित करना है। महिला आरक्षण कानून में प्रस्तावित संशोधन पर चर्चा के लिए बुलाए गए विशेष संसद सत्र से पहले पीएम नरेंद्र मोदी विज्ञान भवन में नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में शिरकत करते हुए महिला आरक्षण को लेकर सरकार की प्रतिबद्धता भी दोहराएंगे।</description><guid>social-justice-will-not-remain-just-a-slogan:-pm-modi-at-nari-shakti-vandan-sammelan</guid><pubDate>13-Apr-2026 2:31:30 pm</pubDate></item><item><title>बंगाल की जनता ने दीदी को टाटा-बाय-बाय कहने का निर्णय ले लिया : अमित शाह</title><link>https://just36news.com/the-people-of-bengal-have-decided-to-say-tata-bye-bye-to-didi:-amit-shah</link><description>कोलकाता।पश्चिम बंगाल के बीरभूम में गृहमंत्री अमित शाह ने एक बड़ी चुनावी रैली को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने टीएमसी पर कड़ा प्रहार किया। शाह ने कहा बंगाल में पांच मई को भाजपा की सरकार बनने वाली है। मैं पूरे बंगाल में घूमता हुआ बीरभूम आया हूं। दीदी को टाटा-बाय-बाय कहने का निर्णय बंगाल की जनता ने ले लिया है। शाह ने कहा कि इस बार बीरभूम को एक रिकॉर्ड बनाना है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे सभी 11 सीटें भाजपा को दें और राज्य में भाजपा सरकार बनाएं।
ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए शाह ने कहा, 'दीदी, आपके गुंडों के बम धमाकों से बंगाल की जनता अब नहीं डरेगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि बंगाल की जनता बम का जवाब बैलेट से देगी और भय का जवाब भरोसे से देगी। उन्होंने लोगों से कहा कि आप बैलेट मशीन पर कमल का निशान दबाइए, ममता के सारे गुंडों को ढूंढने का काम भाजपा की सरकार करेगी।









गृहमंत्री ने कटमनी और सिंडिकेट का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि जनता इससे बहुत परेशान है। अगर किसी गरीब को घर बनाने के लिए ईंट या सीमेंट लाना है, तो ममता के सिंडिकेट वाले पैसे मांगते हैं। शाह ने वादा किया कि आप ममता को यहां से निकाल दो, कटमनी और सिंडिकेट वालों को उल्टा लटकाकर सीधा करने का काम भाजपा की सरकार करेगी।
अमित शाह ने कहा कि बंगाल में चार मई के बाद डबल इंजन सरकार बनने वाली है। इसके साथ ही बंगाल के अंदर विकास का नया दौर शुरू होने वाला है। उन्होंने टीएमसी पर हमला करते हुए कहा कि इस पार्टी ने मयूरेश्वर को बम और बारूद की खदान बना दिया है। शाह ने आरोप लगाया कि 2013 से लेकर 2021 तक भाजपा कार्यकर्ताओं को बहुत परेशान किया गया है।










उन्होंने टीएमसी के गुंडों को सख्त चेतावनी दी। शाह ने कहा, 'मैं आज टीएमसी के गुंडों को कहकर जाता हूं कि 23 अप्रैल को अपने घर में बंद रहना, वरना पांच मई को चुन-चुनकर जेल की सलाखों के पीछे डालने का काम हम करेंगे।' उन्होंने जनता को भरोसा दिलाया कि 23 अप्रैल को ममता दीदी का कोई भी गुंडा उनका बाल भी बांका नहीं कर पाएगा। शाह ने सुरक्षा व्यवस्था पर जानकारी देते हुए कहा कि चुनाव आयोग ने यहां 800 से ज्यादा कंपनियां भेजी हैं। शांतिपूर्ण मतदान के लिए पूरे इंतजाम किए गए हैं, इसलिए किसी भी नागरिक को डरने की जरूरत नहीं है।

अमित शाह ने कहा कि यह चुनाव घुसपैठियों को बाहर निकालने का चुनाव है। उन्होंने आरोप लगाया कि ममता दीदी और भतीजा उनको नहीं निकाल सकते। वे तो बीएसएफ (BSF) को बाड़ लगाने के लिए जमीन भी नहीं देते हैं। शाह ने वादा किया कि भाजपा सरकार बनते ही 45 दिन के अंदर बंगाल की पूरी सीमा पर बाड़ लगाने के लिए जमीन दे दी जाएगी।

उन्होंने आगे कहा कि भाजपा न केवल बंगाल, बल्कि पूरे देश से चुन-चुनकर घुसपैठियों को बाहर निकालेगी। महिलाओं की सुरक्षा पर बात करते हुए शाह ने कहा कि ममता दीदी कहती हैं कि महिलाओं को शाम सात बजे के बाद बाहर नहीं निकलना चाहिए। उन्होंने भरोसा दिलाया कि भाजपा सरकार बनने पर ऐसा बंगाल बनेगा, जहां रात 1 बजे भी छोटी बच्ची स्कूटी पर सुरक्षित निकल सकेगी। शाह ने कहा भाजपा के शासन में संदेशखाली, आरजी कर, दुर्गापुर लॉ कॉलेज या साउथ कोलकाता लॉ कॉलेज जैसी घटनाएं फिर कभी नहीं होंगी।
पश्चिम बंगाल में होने वाले विधानसभा चुनाव के बीच राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह आज सोमवार को राज्य में पांच बड़े कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे। अमित शाह सबसे पहले बीरभूम जिले में दो जनसभाओं को संबोधित करेंगे। पहली सभा दोपहर सैंथिया में होगी। इसके बाद वह दोपहर एक बजकर 15 मिनट खैरासोल में दूसरी सभा करेंगे। दोपहर दो बजकर 35 मिनट पर वह पश्चिम बर्धमान जिले के रानीगंज में एक और जनसभा को संबोधित करेंगे। शाम चार बजे वह दुर्गापुर के स्टील सिटी में एक भव्य रोडशो करेंगे। उनके दिन का आखिरी कार्यक्रम रात आठ बजे दुर्गापुर में होगा। यहां वह एक सांगठनिक बैठक की अध्यक्षता करेंगे।

















अमित शाह के इन कार्यक्रमों के बीच आज सुप्रीम कोर्ट में एक बहुत जरूरी सुनवाई भी होनी है। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की बेंच यह तय करेगी कि क्या 27 लाख लोग वोट डाल पाएंगे या नहीं। इन लोगों के नाम वोटर लिस्ट से हटा दिए गए थे। अब कोर्ट को फैसला करना है कि क्या ये लोग 23 और 29 अप्रैल को होने वाले चुनाव में मतदान कर सकेंगे।

</description><guid>the-people-of-bengal-have-decided-to-say-tata-bye-bye-to-didi:-amit-shah</guid><pubDate>13-Apr-2026 2:19:09 pm</pubDate></item><item><title>पीएम ने सभी पार्टियों के फ्लोर लीडर्स को लिखा पत्र, किया ये अनुरोध </title><link>https://just36news.com/the-prime-minister-wrote-to-floor-leaders-of-all-parties,-requesting-this</link><description>PM Modi : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकसभा और राज्यसभा में सभी पार्टियों के फ्लोर लीडर्स को नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर एक पत्र लिखा, जिसमें उनसे सहायता के लिए अनुरोध किया। 16 अप्रैल से संसद में नारी शक्ति वंदन अधिनियम से जुड़ी एक ऐतिहासिक चर्चा होने वाली है काफी सोच-विचार के बाद, हम इस नतीजे पर पहुंचे हैं कि अब समय आ गया है कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम को पूरे देश में सही मायने में लागू किया जाए।
यह ज़रूरी है कि 2029 के लोकसभा चुनाव और असेंबली चुनाव महिला रिज़र्वेशन के साथ कराए जाएं मैं यह लेटर इसलिए लिख रहा हूं ताकि हम सब एक आवाज़ में इस अमेंडमेंट को पास कर सकें। यह बहुत अच्छा होगा अगर कई पार्लियामेंट मेंबर पार्लियामेंट में इस विषय पर अपने विचार रखें। यह किसी एक पार्टी या व्यक्ति से ऊपर का पल है मुझे पूरा भरोसा है कि हम सब एक साथ आएंगे और संसद में यह ऐतिहासिक कामयाबी हासिल करेंगे। जो पार्लियामेंट मेंबर नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लागू करने में योगदान देंगे, उन्हें इस ऐतिहासिक कोशिश का हिस्सा होने पर हमेशा गर्व होगा।







</description><guid>the-prime-minister-wrote-to-floor-leaders-of-all-parties,-requesting-this</guid><pubDate>12-Apr-2026 3:04:22 pm</pubDate></item><item><title>मंगल पांडे का जीवन देशभक्ति और पराक्रम का प्रतीक, बलिदान दिवस पर नेताओं ने किया नमन</title><link>https://just36news.com/mangal-pandeys-life-was-a-symbol-of-patriotism-and-valor</link><description>1857 की क्रांति के अमर नायक मंगल पांडे के बलिदान दिवस पर लोकसभा स्पीकर ओम बिरला और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह समेत कई बड़े नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। नेताओं ने उनके साहस, बलिदान और 1857 की क्रांति में योगदान को याद करते हुए उन्हें राष्ट्रभक्ति की प्रेरणा बताया।
ओम बिरला ने बताया अदम्य साहस का प्रतीक
लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा, 1857 की क्रांति के अमर नायक वीर मंगल पांडे के बलिदान दिवस पर उन्हें कोटि-कोटि नमन। उनके अदम्य साहस और अंग्रेजी हुकूमत के विरुद्ध संघर्ष ने स्वतंत्रता संग्राम की नींव रखी और पूरे देश में स्वाधीनता की लौ प्रज्वलित की। उनका जीवन देशभक्ति, पराक्रम और मातृभूमि के प्रति अटूट समर्पण का अनुपम उदाहरण है।
अमित शाह ने बताया प्रेरणादायक बलिदान
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा, 1857 की क्रांति को अपने अदम्य शौर्य से नई ऊर्जा देने वाले मंगल पांडे ने युवाओं को मां भारती की स्वाधीनता के लिए प्रेरित किया। बैरकपुर छावनी उनके नेतृत्व में अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ संघर्ष की प्रतीक बनी। उनका साहस और बलिदान आज भी राष्ट्रप्रेम की भावना को मजबूत करता है।
जेपी नड्डा ने क्रांति की पहली हुंकार बताया
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने कहा, अंग्रेजों के विरुद्ध विद्रोह का बिगुल फूंककर क्रांति की ज्वाला प्रज्वलित करने वाले अमर बलिदानी मंगल पांडे को उनके बलिदान दिवस पर कोटिशः नमन। उन्होंने आज ही के दिन अपने प्राणों की आहुति देकर अंग्रेजी हुकूमत की नींव हिला दी और स्वतंत्रता संग्राम की चिंगारी पूरे देश में फैला दी।
योगी आदित्यनाथ ने बताया प्रेरणा स्रोत
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, बैरकपुर छावनी से अंग्रेजी हुकूमत के विरुद्ध उन्होंने जो विद्रोह की ज्वाला प्रज्वलित की, वही आगे चलकर स्वाधीनता के एक विशाल महायज्ञ में परिवर्तित हुई। मातृभूमि के लिए उनका सर्वोच्च बलिदान सभी राष्ट्रभक्तों के लिए प्रेरणा है।</description><guid>mangal-pandeys-life-was-a-symbol-of-patriotism-and-valor</guid><pubDate>08-Apr-2026 2:44:06 pm</pubDate></item><item><title>पीएम मोदी 21 अप्रैल को पचपदरा में रिफाइनरी का करेंगे लोकार्पण</title><link>https://just36news.com/pm-modi-will-inaugurate-the-refinery-in-pachpadra-on-april-21</link><description>प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 21 अप्रैल को बालोतरा के पचपदरा में रिफाइनरी का लोकार्पण करेंगे। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने एक्स हैंडल पर जानकारी देते हुए लिखा कि यह गर्व का विषय है कि प्रधानमंत्री मोदी आगामी 21 अप्रैल को पचपदरा रिफाइनरी के लोकार्पण के लिए राजस्थान पधार रहे हैं।
यह रिफाइनरीरोजगार के नए द्वार खोलने वाली भाग्यरेखा सिद्ध होगी
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने लिखा कि यह रिफाइनरी मारवाड़ सहित पूरे राजस्थान के आर्थिक कायाकल्प और युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खोलने वाली भाग्यरेखा सिद्ध होगी। राजस्थान की समस्त जनता की ओर से प्रधानमंत्री का हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन है।</description><guid>pm-modi-will-inaugurate-the-refinery-in-pachpadra-on-april-21</guid><pubDate>08-Apr-2026 2:40:58 pm</pubDate></item><item><title>ममता हुई शर्मसार 11 माह के मासूम की मां ने ही ली जान, कुएं में फेंका शव</title><link>https://just36news.com/mamata-banerjee-shamed-11-month-olds-mother-kills-herself-throws-body-into-well</link><description>पुणे। महाराष्ट्र के रंजनगांव एमआईडीसी इलाके से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक 22 वर्षीय महिला ने अपने ही 11 महीने के बेटे की हत्या कर शव को कुएं में फेंक दिया। शुरुआत में महिला ने पुलिस को गुमराह करते हुए कहा कि बच्चा घर में गिरने से मर गया और डर के कारण उसने शव को कुएं में फेंक दिया


लेकिन पूछताछ में विरोधाभास मिलने पर सख्ती की गई तो सच्चाई सामने आ गई। आरोपी ने कबूल किया कि वह बच्चे के रोने-धोने से परेशान थी और पति को छोड़कर दूसरी जिंदगी शुरू करना चाहती थी, जिसमें उसे बच्चा बाधा लग रहा था। इसी वजह से उसने इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने कुएं से मासूम का शव बरामद कर अंतिम संस्कार कराया और आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल मामले की गहन जांच जारी है और इस घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी है।

</description><guid>mamata-banerjee-shamed-11-month-olds-mother-kills-herself-throws-body-into-well</guid><pubDate>08-Apr-2026 2:39:14 pm</pubDate></item><item><title>BREAKING : भाजपा ने पश्चिम बंगाल चुनाव के लिए जारी की उम्मीदवारों की छठी सूची</title><link>https://just36news.com/breaking:-bjp-releases-sixth-list-of-candidates-for-west-bengal-elections</link><description>BREAKING : भाजपा ने पश्चिम बंगाल चुनाव के लिए उम्मीदवारों की छठी सूची जारी की है। जारी लिस्ट के अनुसार राकेश सिंह कोलकाता पोर्ट से चुनाव लड़ेंगे।
</description><guid>breaking:-bjp-releases-sixth-list-of-candidates-for-west-bengal-elections</guid><pubDate>08-Apr-2026 2:37:42 pm</pubDate></item><item><title>POLITICS NEWS: BJP ने जारी की स्टार प्रचारकों की सूची, चुनावी रण में उतारे बड़े चेहरे</title><link>https://just36news.com/politics-news:-bjp-releases-list-of-star-campaigners,-fielding-big-names-in-the-electoral-battle</link><description>WEST BENGAL POLITICS NEWS:पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर भाजपा ने अपने स्टार प्रचारकों की सूची जारी कर दी है, जिससे राज्य में चुनावी माहौल और गरमा गया है। पार्टी ने इस सूची में कई बड़े राष्ट्रीय नेताओं को शामिल किया है, जिनमें शीर्ष नेतृत्व के साथ-साथ केंद्रीय मंत्री और प्रमुख चेहरे शामिल हैं, जो राज्यभर में रैलियां और जनसभाएं कर पार्टी के पक्ष में माहौल बनाएंगे।
भाजपा का लक्ष्य इस बार पश्चिम बंगाल में अपनी पकड़ को मजबूत करना और सत्ता हासिल करना है, जिसके लिए रणनीतिक तौर पर अनुभवी नेताओं को मैदान में उतारा गया है। पार्टी का मानना है कि इन स्टार प्रचारकों की मौजूदगी से कार्यकर्ताओं में उत्साह बढ़ेगा और मतदाताओं तक पार्टी की नीतियां प्रभावी ढंग से पहुंचेंगी। आने वाले दिनों में इन नेताओं की ताबड़तोड़ रैलियां और रोड शो देखने को मिल सकते हैं, जिससे राज्य की सियासत और भी तेज हो जाएगी।
</description><guid>politics-news:-bjp-releases-list-of-star-campaigners,-fielding-big-names-in-the-electoral-battle</guid><pubDate>05-Apr-2026 8:33:50 pm</pubDate></item><item><title>हैवानियत की हदें पार..चाकू की नोक पर किया दुष्कर्म फिर प्राइवेट पार्ट में डाली लोहे की रॉड, लोगों को आई निर्भया कांड की याद</title><link>https://just36news.com/the-brutality-crossed-all-limits.-raped-at-knifepoint,-then-inserted-an-iron-rod-into</link><description>पलनाडु । आंध्रप्रदेश के पलनाडु जिले से रेप की एक घिनौनी वारदात सामने आई है। जिसने मानवता को एक बार फिर शर्मसार कर दिया है। जहां एक महिला से उसके ही घर में घुसकर दुष्कर्म के बाद नाजुक अंगो में लोहे की रॉड डाल दी गई। इस घटना ने पूरे राज्य में आक्रोश पैदा कर दिया है।
मिली जानकारी के अनुसार, पूरा मामला पालनाडु जिले के माचेरला कस्बे का है। घटना के वक्त महिला घर में अकेली थी जो की पेशे से सरकारी कर्मचारी है। बताया गया कि, आरोपी जबरदस्ती घर में घुसे और जान से मारने की धमकी देकर चाकू की नोक पर महिला का मुंह बंद कर दिया और महिला के साथ बलात्कार किया। इसके बाद आरोपियों ने हैवानियत पार करते हुए महिला के प्राइवेट पार्ट में लोहे की रॉड से वार कर उसेगंभीर रूप से घायल कर दिया और मौके से फरार हो गए।जिसके बाद पड़ोसियों और परिजनों को घटना की जानकारी हुई।
घटना के बाद पुलिस ने तुरंत क्लूज टीम को मौके पर भेजा, जहां से अहम साक्ष्य जुटाए । टीम द्वारा फिंगरप्रिंट और अन्य फॉरेंसिक साक्ष्य इकट्ठा किए। वहीं पीड़िता को तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए रेफर किया गया। वहीं जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का दौरा किया और साक्ष्य जुटाने के लिए फॉरेंसिक टीम को तैनात किया है और आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। इस घटना ने लोगों को चर्चित निर्भया कांड की याद दिला दी। स्थानीय लोगों में आक्रोश और डर का माहौल है।</description><guid>the-brutality-crossed-all-limits.-raped-at-knifepoint,-then-inserted-an-iron-rod-into</guid><pubDate>04-Apr-2026 2:39:08 pm</pubDate></item><item><title>भारत के लिए राहत की खबर, LPG की बड़ी खेप लेकर आ रही ग्रीन शान्वी, होर्मुज किया पार</title><link>https://just36news.com/relief-news-for-india,-green-shanvi-carrying-a-large-consignment-of-lpg-crosses-the-strait-of-hormuz</link><description>Hormuz Strait Update:मिडिल ईस्ट में शुरू हुए जंग के बाद देशभर में एलपीजी की किल्लत देखने को मिली थी। गैस एजेंसियों के बाहर लोग लंबी-लंबी लाइन लगाए हुए नजर आए थे। वहीं इस बीच अब भारत के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। ऊर्जा आपूर्ति के लिहाज़ से अहम माने जाने वाले स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से एक और भारतीय LPG टैंकर Green Sanvi सफलतापूर्वक गुजर चुका है।
मिली जानकारी के अनुसार, इस टैंकर में करीब 46 हज़ार मीट्रिक टन एलपीजी लदी हुई है, जो भारत की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। कहा जा रहा है कि, यह जल्द ही मुंबई बंदरगाह पर पहुंचेगा।अब तक कुल सात LPG टैंकर इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग को पार कर चुके हैं। इसके अलावा, 17 और टैंकर जहाज़ जल्द ही इस मार्ग से गुजरने वाले हैं, जिससे देश में एलपीजी की सप्लाई और मजबूत होने की उम्मीद है।
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के सबसे व्यस्त और संवेदनशील समुद्री मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है। ऐसे में यहां से टैंकरों का सुरक्षित गुजरना भारत के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। वहीं लगातार टैंकरों की आवाजाही से यह संकेत मिलता है कि भारत की ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला स्थिर बनी हुई है और आने वाले समय में एलपीजी की उपलब्धता बेहतर रह सकती है।</description><guid>relief-news-for-india,-green-shanvi-carrying-a-large-consignment-of-lpg-crosses-the-strait-of-hormuz</guid><pubDate>04-Apr-2026 2:17:20 pm</pubDate></item><item><title>शीतला माता मंदिर में मची भगदड़, 8 श्रद्धालुओं की मौत, पीएम ने शोक जताते हुए किया मुआवजे का ऐलान</title><link>https://just36news.com/8-devotees-died-in-a-stampede-at-sheetla-mata-temple-pm-expressed-condolences-and-announced-compensation</link><description>नालंदा। बिहार के नालंदा से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। जहां शीतला मंदिर में भगदड़ मच गई, जिससे की इस हादसे में 8 लोगों की मौत हो गई। जबकि, कई लोग घायल हो गए। वहीं सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर जा पहुंची और बचाव का काम शुरू किया गया. घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया।

मिली जानकारी के अनुसार, बिहार शरीफ स्थित मघड़ा इलाके में आज चैत्र माह का आखिरी मंगलवार होने की वजह से माता शीतला अष्टमी के दरबार में भक्तों की भीड़ लग थी। वहीं सुबह 9 से 10 बजे करीब किसी कारण से अफरा-तफरी मच गई और देखते ही देखते भगदड़ की स्थिति बन गई। भगदड़ की सूचना पाकर मौके पर पुलिस पहुंची और हालात को काबू कर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। पुलिस ने दर्जन भर से अधिक लोगों को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने 8 लोगों को मृत घोषित कर दिया।

वहीं पटना से आई महिला ने बताया कि, हम चार लोग साथ आए थे, लेकिन भगदड़ में बिछड़ गए। वह रोते हुए कहती है कि लोग एक दूसरे के ऊपर गिरते चले गए। किसी को संभलने का मौका नहीं मिला, हर तरफ सिर्फ चीख पुकार थी कई लोग जमीन पर गिरे पड़े थे और उन पर भीड़ चढ़ती चली गई।
उपमुख्यमंत्री ने जताया दुख
इस हादसे को लेकर बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने ट्वीट किया, नालंदा स्थित माता शीतला मंदिर में हुई भगदड़ की दुखद घटना अत्यंत हृदयविदारक है। इस दुर्घटना में जिन श्रद्धालुओं की जान चली गई और जो घायल हुए, उन सभी के परिवारों के प्रति मैं अपनी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। सरकार प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता और राहत प्रदान कर रही है। घायलों के समुचित इलाज की व्यवस्था की गई है। ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और शोक संतप्त परिवारों को दुख की इस घड़ी में संबल दें। मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।
मुआवजे का ऐलान

घटना को लेकर पीएम मोदी ने शोक जताया। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि, बिहार के नालंदा ज़िले में हुई दुर्घटना अत्यंत दुखद है। मैं उन लोगों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करता हूँ जिन्होंने इस हादसे में अपने प्रियजनों को खो दिया। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूँ। PMNRF की ओर से प्रत्येक मृतक के परिजनों को 2 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी। घायलों को 50,000 रुपये दिए जाएँगे। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मृतकों के परिजनों के लिए आपदा प्रबंधन विभाग से 4 लाख रुपये देने की घोषणा की है।
हादसे पर DM ने दी जानकारी
DM कुंदन कुमार ने नालंदा के मां शीतला मंदिर में हुई भगदड़ की घटना पर कहा, आज नालंदा के मां शीतला मंदिर में काफी भीड़ हो जाने के कारण बहुत दुखद घटना हुई है। 8 लोगों की मौत हुई है, 8 लोग इलाज के लिए आए हैं। राहत-बचाव कार्य किया गया जिन लोगों की मृत्यु हुई है उनके परिवारों के लिए 6 लाख का मुआवजा देने की घोषणा की गई है। 8 में से 7 लोगों की पहचान हो गई है। 8 लोग घायल हैं, सभी की हालत स्थिर है, एक को इलाज के लिए रेफर किया गया है।
</description><guid>8-devotees-died-in-a-stampede-at-sheetla-mata-temple-pm-expressed-condolences-and-announced-compensation</guid><pubDate>31-Mar-2026 5:49:13 pm</pubDate></item><item><title>बिहार में सियासी हलचल, नितिन नवीन ने दिया विधायक पद से इस्तीफा, जानें अब कौन होगा बांकीपुर से उम्मीदवार?</title><link>https://just36news.com/political-turmoil-in-bihar,-nitin-naveen-resigns-from-the-post-of-mla</link><description>पटना। BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन के राज्यसभा में निर्वाचित होने के बाद बिहार की राजनीति का समीकरण पूरी तरह बदल गया है। वहीं आज नितिन नबीन ने अपने विधायक के पद से इस्तीफा दे दिया है। बिहार बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी को उन्होंने अपना इस्तीफा सौंपा है। उनके इस्तीफे के बाद बांकीपुर सीट खाली हो गई है।
नितिन नबीन ने खुद सोशल मीडिया में पोस्ट कर इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि, आज, मैं बिहार विधानसभा में बांकीपुर निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले निर्वाचित सदस्य के पद से इस्तीफा दे रहा हूं। पार्टी द्वारा मुझे सौंपी गई नई भूमिका के माध्यम से, मैं अपने निर्वाचन क्षेत्र और बिहार राज्य के विकास के लिए सदैव तत्पर और प्रतिबद्ध रहूंगा।

BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष और नवनिर्वाचित राज्यसभा सांसद नितिन नवीन ने ट्वीट किया, आज, मैं बिहार विधानसभा में बांकीपुर निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले निर्वाचित सदस्य के पद से इस्तीफा दे रहा हूं। पार्टी द्वारा मुझे सौंपी गई नई भूमिका के माध्यम से, मैं अपने निर्वाचनpic.twitter.com/HegFFTvwwD
 ANI_HindiNews (@AHindinews)March 30, 2026

नियमों के अनुसार, राज्यसभा के लिए लिए निर्वाचित होने के 14 दिनों के भीतर विधानसभा की सदस्यता से त्याग पत्र देने की बाध्यता के कारण उन्हें ऐसा करना पड़ेगा। वहीं उनके इस्तीफे के बाद बांकीपुर सीट खाली हो गई है। ऐसे में यहां उपचुनाव होना तय है. यह सीट परंपरागत रूप से भाजपा का मजबूत गढ़ रही है।
वहीं इस सीट के लिए अब डॉ. संजय मयूख, ऋतुराज सिन्हा, रणवीर नंदन, अजय आलोक और ऋतुराज सिन्हा का नाम सामने आ रहा है। इनमें से संजय मयूख के नाम पर सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है, जो वर्तमान में बिहार विधान परिषद के सदस्य हैं. बीजेपी के राष्ट्रीय मीडिया सह-प्रभारी एवं प्रवक्ता हैं। इसके साथ ही उन्हें पीएम नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह जैसे शीर्ष नेताओं का करीबी माना जाता है।</description><guid>political-turmoil-in-bihar,-nitin-naveen-resigns-from-the-post-of-mla</guid><pubDate>30-Mar-2026 6:03:54 pm</pubDate></item><item><title>सीएम नीतीश कुमार ने MLC पद से दिया इस्तीफा, कौन होगा नया मुख्यमंत्री ? मंथन शुरू, ये चेहरे सबसे आगे</title><link>https://just36news.com/cm-nitish-kumar-has-resigned-from-his-mlc-</link><description>मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Bihar CM Nitish Kumar) के विधान परिषद से इस्तीफे के बाद अब नए मुख्यमंत्री का नाम तय करने को ले एनडीए में मंथन शुरू है। ऐसी संभावना है कि खरमास के बाद 15 अप्रैल तक बिहार में नई सरकार अस्तित्व में आ जाएगी।
अगले महीने की 10 अप्रैल को नीतीश कुमार राज्यसभा के सदस्य के रूप में शपथ ग्रहण करेंगे। नई सरकार के गठन होने तक मुख्यमंत्री का कामकाज नीतीश कुमार ही देखते रहेंगे।
एनडीए में मंथन
बिहार में नए मुख्यमंत्री का नाम तय करने को ले एनडीए में मंथन शुरू है। पिछले दिनों एनडीए के घटक दल हम के संरक्षक व केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी (Jitan Ram Manjhi) ने बिहार के नए मुख्यमंत्री के रूप में सम्राट चौधरी (Samrat Choudhary) का नाम लिया था।
लोजपा (रामविलास) की ओर से भी इसी तरह का वक्तव्य आया था। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी अपनी समृद्धि यात्रा के दौरान मंच से भाजपा नेता की पीठ पर हाथ रख कहा था कि अब यही लोग देखेंगे।
वहीं, जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय झा ने यह कहा था कि बिहार का अगला मुख्यमंत्री भाजपा से होगा या फिर जदयू का यह अभी तय नहीं हुआ है। एनडीए नेताओं की बैठक में यह तय होगा, इसलिए अब एनडीए के घटक दलों की बैठक इस मसले पर दिल्ली व पटना में आरंभ होगी।



जदयू ने पहले से ही यह तय किया हुआ है केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह (Lalan Singh) और जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष इन बैठकों में शामिल हाेंगे। एक-दो दिनों के भीतर इस मसले पर मंथन की प्रक्रिया रफ्तार पकड़ेगी।
खरमास खत्म हाेने के बाद ही नई सरकार
एनडीए घटक दल के नेताओं का कहना है कि इस बात की पूरी संभावना है कि खरमास खत्म होने के बाद ही बिहार में नई सरकार अस्तित्व में आएगी। खरमास 14 अप्रैल को खत्म हो रहा। वहीं, नीतीश कुमार 10 अप्रैल को राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेंगे।
शपथ लेने के बाद वह 11 अप्रैल तक मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे सकते हैं। कार्यकारी व्यवस्था होने तक वह बिहार के मुख्यमंत्री बने रहेंगे। उनके मुख्यमंत्री पद से इस्तीफे के तीन-चार दिनों के बाद बिहार में नई सरकार आ जाएगी।
जदयू से दो उप मुख्यमंत्री का बनना भी तय
इस बात की पूरी संभावना है कि भाजपा के किसी नेता के मुख्यमंत्री पद की शपथ के साथ ही जदयू कोटे से दो उप मुख्यमंत्री का भी शपथ होगा। इनमें विजय चौधरी व नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार के नाम की खूब चर्चा है।
माना जा रहा है कि बिहार में इस बार पहली बार भाजपा का सीएम बनेगा. ये भी तय है कि नीतीश के विधान परिषद से इस्तीफा देते ही एक नए मुख्यमंत्री के नेतृत्व में सरकार के गठन से जुड़ी राजनीतिक गतिविधियां आज से ही जोर पकड़ने लगेंगी. लेकिन, भाजपा बिहार में किसे अपना चेहरा बनाएगी ये अभी तक तय नहीं है. कुछ नेताओं को इस रेस में सबसे आगे माना जा रहा है. बिहार का मुख्यमंत्री बनने की रेस में कौन-कौन है, आइये एक नजर डालते हैं.
सम्राट चौधरी
भाजपा से मुख्यमंत्री पद के दावेदार की बात आती है तो सम्राट चौधरी का नाम सबसे आगे आता है. सम्राट चौधरी अभी बिहार के उपमुख्यमंत्री हैं और BJP विधायक दल के नेता भी हैं. गृह मंत्रालय जैसा अहम विभाग उनके पास है. 2017 में भाजपा में शामिल हुए सम्राट चौधरी ने तेजी से पार्टी में अपनी पकड़ बनाई है. वह ओबीसी समाज से आते हैं और कुशवाहा समुदाय का एक प्रमुख चेहरा हैं.
बिहार में कुशवाहा समुदाय की आबादी 4.27% से ज़्यादा है. बीजेपी सम्राट चौधरी को सीएम बनाकर जाति का कार्ड खेल सकता है क्योंकि प्रदेश में यादवों और कुर्मी समुदाय से सीएम बन चुके हैं. भाजपा ने मध्य-प्रदेश में मोहन यादव को सीएम बनाकर पहले ही एक समीकरण साध लिया है. सम्राट चौधरी को बिहार का मुख्यमंत्री बनाना 2027 में होने वाले उत्तर-प्रदेश के चुनावों पर भी असर डाल सकता है. यूपी में कुशवाहा बिरादरी की ठीक-ठाक जनसंख्या है. ये भी भाजपा के शीर्ष नेतृत्व के मन में जरूर होगा.
केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय का नाम भी आगे
बिहार का मुख्यमंत्री बनने की रेस में केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय का नाम भी आगे है. बिहार में उनकी अच्छी पकड़ है. वह केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के करीबी भी माने जाते हैं. बिहार में एनडीए के सभी दल किसी पिछड़े चेहरे को ही सीएम बनाना चाहते हैं. नित्यानंद राय यादव समुदाय से हैं जिसे राजद और लालू यादव का पारंपरिक वोटर माना जाता है. नित्यानंद राय को आगे कर के भाजपा अपने धुर-विरोधी वोटरों को अपने पाले में लाने की कोशिश कर सकती है.
निशांत कुमार
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार का नाम भी चर्चा में है. निशांत को हाल ही में राजनीति में पदार्पण कराया गया है. नीतीश कुमार के दिल्ली जाने के बाद निशांत ही बिहार में जदयू का नेतृत्व करेंगे. निशांत कुमार का नई सरकार में शामिल होना तो तय है. सवाल बस ये है कि क्या उन्हें अपने पिता की कुर्सी मिलेगी या नहीं. निशांत कुमार का युवा होना और कुर्मी समुदाय से होना उनके पक्ष में है.
चौंका भी सकती है भाजपा
भारतीय जनता पार्टी अपने चौंकाने वाले फैसलों के लिए जानी जाती है. भाजपा के शीर्ष नेतृत्व ने हमेशा कम चर्चा में रहने वाले चेहरों पर ही दांव लगाया है. BJP का नेतृत्व अक्सर ऐसे लोगों को चुनता है जिनके चुने जाने की उम्मीद कम होती है. इसलिए, जब तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हो जाती जब तक इस बारे में सबकुछ सिर्फ अटकलें ही हैं.</description><guid>cm-nitish-kumar-has-resigned-from-his-mlc-</guid><pubDate>30-Mar-2026 5:28:35 pm</pubDate></item><item><title>केंद्र का बड़ा फैसला, 21 राज्यों में PDS के तहत केरोसिन वितरण को मंजूरी</title><link>https://just36news.com/the-centre-has-taken-a-major-decision,-approving-the-distribution-</link><description>नई दिल्ली। वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए 21 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के तहत सुपीरियर केरोसिन ऑयल (SKO) के वितरण की अनुमति दे दी है।
भारत के राजपत्र में जारी अधिसूचना के अनुसार, यह कदम मौजूदा भू-राजनीतिक हालात और ऊर्जा आपूर्ति पर पड़ रहे दबाव को देखते हुए उठाया गया है, ताकि आम लोगों, खासकर कमजोर वर्गों को ईंधन की उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके।
सरकार ने इस व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए तेल विपणन कंपनियों को विशेष छूट भी दी है, जिसके तहत वे पेट्रोलियम अधिनियम और नियमों में दी गई ढील का उपयोग करते हुए मौजूदा पेट्रोल पंपों पर अस्थायी रूप से 2,500 लीटर तक SKO का भंडारण कर सकेंगी।
माना जा रहा है कि यह फैसला उन क्षेत्रों में राहत देगा जहां वैकल्पिक ईंधन की पहुंच सीमित है और घरेलू उपयोग के लिए केरोसिन अभी भी अहम भूमिका निभाता है। सरकार का यह कदम ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने और संभावित आपूर्ति संकट से निपटने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है, जिससे आने वाले समय में आम जनता पर बढ़ती ऊर्जा कीमतों का असर कम किया जा सके।</description><guid>the-centre-has-taken-a-major-decision,-approving-the-distribution-</guid><pubDate>30-Mar-2026 10:49:37 am</pubDate></item><item><title>DEATH : किराये के घर में 5 शव मिलने से सनसनी, मां-बेटी समेत तीन मासूमों की मौत</title><link>https://just36news.com/death:-sensation-after-5-bodies-found-in-rented-house,-three-innocent-children-including-mother-and-daughter-died</link><description>केरल ।DEATH NEWS: कोच्चि शहर के वदुथला इलाके में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जहां किराये के घर से 3 बच्चों सहित एक ही परिवार के 5 लोगों के शव बरामद हुए। मृतकों में 58 वर्षीय श्रीकुमारी, उनकी 36 वर्षीय बेटी अश्वथी नायर और अश्वथी के तीन बच्चे शामिल हैं, जिनमें 14 साल और 4 साल के दो बेटे तथा 2 साल की बेटी है। यह परिवार मूल रूप से तिरुवनंतपुरम का रहने वाला था और पिछले कुछ समय से कोच्चि में किराये के मकान में रह रहा था।
घटना का खुलासा तब हुआ जब एक केबल तकनीशियन घर पहुंचा और खिड़की से अंदर झांकने पर दो महिलाओं के शव फंदे से लटके देखे, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि महिलाओं ने फांसी लगाने से पहले बच्चों को जहर दिया, हालांकि असली कारण पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट होगा। घर से एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसके आधार पर पुलिस परिवार की परिस्थितियों और इस खौफनाक कदम के पीछे की वजह जानने की कोशिश कर रही है। एर्नाकुलम नॉर्थ पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और पूरे इलाके में इस घटना से गहरा सदमा है।


</description><guid>death:-sensation-after-5-bodies-found-in-rented-house,-three-innocent-children-including-mother-and-daughter-died</guid><pubDate>23-Mar-2026 10:51:18 am</pubDate></item><item><title>ATF Rate Increase: ईरान युद्ध का असर आसमान पर, 1 अप्रैल से महंगा हो सकता है हवाई सफर</title><link>https://just36news.com/atf-rate-increase:-iran-war-impact-on-the-skies,-air-travel-may-become-expensive-from-april-</link><description>ATF Rate Increase:ईरान युद्ध के चलते पश्चिम एशिया में बढ़ते तेल संकट का असर अब भारत के एविएशन सेक्टर पर भी दिखने लगा है, जहां 1 अप्रैल से विमानों के ईंधन यानी ATF की कीमतों में बढ़ोतरी की आशंका जताई जा रही है, जिससे हवाई यात्रा महंगी हो सकती है। केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने संकेत दिए हैं कि ATF की कीमतें हर महीने की पहली तारीख को तय होती हैं,
इसलिए तेल के दाम बढ़ने का असर अप्रैल से दिख सकता है। उन्होंने माना कि एयरलाइंस कंपनियां आर्थिक दबाव में हैं और सरकार इस मुद्दे पर उनसे लगातार बातचीत कर रही है। दरअसल, किसी भी एयरलाइन की कुल लागत में ATF का हिस्सा 35 से 45 प्रतिशत तक होता है, और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल से कंपनियों का खर्च तेजी से बढ़ रहा है।
इसके अलावा, खाड़ी क्षेत्र में तनाव के कारण सप्लाई बाधित होने, बीमा महंगा होने और उड़ानों के रूट प्रभावित होने से ऑपरेशनल लागत और बढ़ने की आशंका है। हालांकि सरकार की कोशिश है कि यात्रियों पर इसका सीधा असर तुरंत न पड़े, लेकिन अगर ATF महंगा होता है तो आने वाले समय में हवाई किराए में बढ़ोतरी से इनकार नहीं किया जा सकता।
</description><guid>atf-rate-increase:-iran-war-impact-on-the-skies,-air-travel-may-become-expensive-from-april-</guid><pubDate>23-Mar-2026 10:46:13 am</pubDate></item><item><title>1 अप्रैल से लागू होगा नया इनकम टैक्स सिस्टम, HRA से अलाउंस तक बड़े बदलाव</title><link>https://just36news.com/new-income-tax-system-to-be-implemented-from-april-1,-major-changes-from-hra-to-allowances</link><description>INDIA FINANCE NEWS:केंद्र सरकार द्वारा इनकम टैक्स नियम 2026 को नोटिफाई कर दिया गया है, जो 1 अप्रैल से पूरे देश में लागू होगा और इसके साथ ही टैक्स सिस्टम में कई बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे, जिनका सीधा असर सैलरीड कर्मचारियों पर पड़ेगा। नए नियमों के तहत जहां पुरानी टैक्स व्यवस्था में HRA (हाउस रेंट अलाउंस) पर मिलने वाली छूट जारी रहेगी, वहीं नई टैक्स रिजीम में HRA छूट पूरी तरह खत्म कर दी गई है, जिससे कई कर्मचारियों को टैक्स प्लानिंग में बदलाव करना पड़ेगा।


इसके अलावा बच्चों की शिक्षा और हॉस्टल से जुड़े भत्तों में बड़ा इजाफा किया गया है, जहां एजुकेशन अलाउंस 100 रुपये से बढ़ाकर 3000 रुपये प्रति माह प्रति बच्चा (अधिकतम दो बच्चों तक) कर दिया गया है और हॉस्टल अलाउंस 300 रुपये से बढ़ाकर 9000 रुपये प्रति माह कर दिया गया है।
वहीं कंपनी द्वारा दी जाने वाली कार और उसके उपयोग पर टैक्स वैल्यूएशन के नियमों में भी संशोधन किया गया है, जिसमें इंजन क्षमता के आधार पर अलग-अलग मासिक टैक्स कैलकुलेशन तय किया गया है। नए नियमों में घरेलू सेवाओं और अन्य सुविधाओं पर भी टैक्स से जुड़े प्रावधान अपडेट किए गए हैं, जिससे कर्मचारियों को मिलने वाले कई बेनिफिट्स अब टैक्स के दायरे में आ सकते हैं।
कुल मिलाकर, यह नया टैक्स ढांचा सैलरी स्ट्रक्चर, अलाउंस और बेनिफिट्स को लेकर स्पष्टता लाएगा, लेकिन साथ ही कई लोगों के लिए टैक्स बोझ भी बढ़ा सकता है, ऐसे में एक्सपर्ट्स का कहना है कि 1 अप्रैल से पहले ही अपने टैक्स प्लान की समीक्षा करना जरूरी होगा ताकि नए नियमों के अनुसार सही विकल्प चुना जा सके।

</description><guid>new-income-tax-system-to-be-implemented-from-april-1,-major-changes-from-hra-to-allowances</guid><pubDate>21-Mar-2026 2:57:37 pm</pubDate></item><item><title>Assam Elections 2026: असम कांग्रेस ने जारी की चौथी उम्मीदवार सूची, यहां देखें पूरी लिस्ट</title><link>https://just36news.com/assam-elections-2026:-assam-congress-releases-fourth-candidate-list,-see-full-list-here</link><description>असम। Assam Elections 2026:आगामी विधानसभा चुनाव 2026 को लेकर कांग्रेस ने अपनी चौथी उम्मीदवार सूची जारी कर दी है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) द्वारा जारी इस सूची में कई अहम सीटों पर उम्मीदवारों के नाम घोषित किए गए हैं। पार्टी ने जालुकबाड़ी से बिदिशा नेओग, तांगला से रोहित परिगा, बिस्वनाथ से जयंत बोरा, नवबोइचा (SC) से डॉ. जॉय प्रकाश दास, महमौरा से ज्ञानदीप मोहन, तिताबर से प्राण कुर्मी और हाइलाकांडी से राहुल रॉय को उम्मीदवार बनाया है।
इसके साथ ही कांग्रेस ने कुछ सीटें अपने सहयोगी दल रायजोर दल के लिए भी छोड़ी हैं, जिनमें मानस, दलगांव, धिंग, कालीआबोर, तेजपुर, सिसिबरगांव, मार्घेरिटा, डिगबोई, सिबसागर, मरियानी और बोकाखाट शामिल हैं।
कांग्रेस का कहना है कि यह सूची पार्टी की रणनीति के तहत जारी की गई है और आगामी चुनाव में मजबूत प्रदर्शन के लिए सभी उम्मीदवारों का चयन किया गया है।
यहां देखें पूरी लिस्ट



</description><guid>assam-elections-2026:-assam-congress-releases-fourth-candidate-list,-see-full-list-here</guid><pubDate>21-Mar-2026 9:07:39 am</pubDate></item><item><title>Eid Kab Hai 2026 : ईद कब मनाई जाएगी, 20 मार्च या 21 मार्च? जानिए भारत में कब दिखेगा चांद</title><link>https://just36news.com/eid-kab-hai-2026:-when-will-eid-be-celebrated,-march-20-or</link><description>Eid ul fitr 2026 Date in india 20 march or 21 March:ईद-उल-फितर मुस्लिम धर्म के लोगों के लिए महत्वपूर्ण पर्व माना जाता है। रमजान के पवित्र महीने के आखिरी दिन चांद को देखने के बाद मीठी ईद मनाई जाती है। इस दिन सुबह विशेष नमाज पढ़ी जाती है और अल्लाह के प्रति आभार व्यक्त किया जाता है। लोग नए कपड़े पहनते हैं और एक दूसरे को गले लगाकर ईद की बधाई देते हैं। सऊदी अरब में चांद के दिखने के बाद ही ईद मनाने की तारीख तय होती है। इसके बाद ही भारत में ईद मनाने का ऐलान किया जाता।

ईद-उल-फितर की तारीख चांद का दीदार होने के बाद ही तय होती है। इस्लामी चंद्र कैलंडर के हिसाब से ईद मनाई जाती है। हिजरी कैलंडर के दसवें महीने के पहले दिन शव्वाल के चांद को देखकर ईद की तारीख का ऐलान होता है। आइए जानते हैं कि भारत में चांद कब दिखेगा और ईद किस दिन मनाई जाएगी 20 मार्च या 21 मार्च।
अरब देशों में कब मनाई जाएगी ईद?
पाकिस्तान, सऊदी अरब समेत खाड़ी देशों में एक दिन पहले ही चांद का दीदार हो जाता है। इसलिए वहां भारत से एक दिन पहले ईद का पर्व मनाया जाता है। संयुक्त अरब अमीरात ने घोषणा की है कि शव्वाल का चांद न दिखने के कारण ईद-उल-फितर शुक्रवार को मनाई जाएगी। ऐसे में खाड़ी देशों में 20 मार्च 2026 को मीठी ईद मनाना तय हुआ है।
भारत में ईद कब मनाई जाएगी ?
भारत में सऊदी अरब के एक दिन बाद ईद मनाई जाती है। दोनों देशों में चांद दिखने का समय अलग-अलग होता है। ऐसे में खाड़ी देशों में ईद की तारीख के ऐलान के बाद भारत में 20 मार्च को चांद देखने के बाद 21 मार्च को ईद-उल-फितर मनाई जाएगी।

ईद में दान का महत्व
इस दिन घरों में कई तरह के पकवान बनाए जाते हैं। सेवइयां के साथ कई तरह के मीठे व्यंजन बनते हैं। इस दिन परिवार के बच्चों को ईदी देने की भी परंपरा है। इस दिन जरूरतमंद लोगों को जकात यानी दान भी दिया जाता है ताकि वो भी इस पर्व को मना सकें।</description><guid>eid-kab-hai-2026:-when-will-eid-be-celebrated,-march-20-or</guid><pubDate>20-Mar-2026 2:09:28 pm</pubDate></item><item><title>लुधियाना में इनकम टैक्स की Raid, बड़ी कंपनी के 3 ठिकानों पर चल रही जांच</title><link>https://just36news.com/income-tax-raid-in-ludhiana,-investigation-underway-at-3-locations-of-a-major-company</link><description>लुधियाना: इनकम टैक्स विभाग की रेंज-1 की टीम ने वीरवार को शहर में बड़ी कार्रवाई करते हुए सलूजा मोम एंड मी के तीन परिसरों पर सर्वे किया। यह कार्रवाई जवाहर नगर कैंप, बीआरएस नगर और घुमार मंडी स्थित शो-रूम पर एक साथ की गई।
जानकारी के अनुसार, विभागीय अधिकारी करीब दोपहर 12 बजे सभी परिसरों में पहुंचे और तुरंत जांच प्रक्रिया शुरू कर दी। फिलहाल टीम द्वारा स्टॉक की गिनती (स्टॉक टेकिंग) का काम जारी है। सूत्रों के मुताबिक, सर्वे के दौरान दस्तावेजों और कारोबार से जुड़े रिकॉर्ड की भी गहन जांच की जा रही है। देर शाम तक कार्रवाई जारी रहने की संभावना है।</description><guid>income-tax-raid-in-ludhiana,-investigation-underway-at-3-locations-of-a-major-company</guid><pubDate>20-Mar-2026 7:15:42 am</pubDate></item><item><title>चंडीगढ़ : प्रॉपर्टी डीलर की हत्या के मामले में आरोपियों का Encounter</title><link>https://just36news.com/chandigarh:-encounter-of-accused-in-property-dealer-murder-case</link><description>पंजाब :चंडीगढ़ में प्रॉपर्टी डीलर की हत्या के मामले में पुलिस ने अहम सफलता हासिल करते हुए दो आरोपियों को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान राजन उर्फ पियूष पहलवान (फिरोजपुर) और प्रीतम शाह (नवांशहर) के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक मुठभेड़ के दौरान दोनों को गोली लगी और घायल हालत में उन्हें काबू किया गया। दोनों के खिलाफ पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज बताए जा रहे हैं, वहीं एक आरोपी हाल ही में अवैध तरीके से विदेश से भारत लौटा था।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तारी के दौरान आरोपियों ने बचने के लिए पुलिस टीम पर फायरिंग की, जिसके जवाब में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उन्हें घायल कर पकड़ लिया। मौके से वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल और हथियार भी बरामद किए गए हैं।
बताया जा रहा है कि कुछ दिन पहले सेक्टर-9 में एक प्रॉपर्टी डीलर पर उस समय हमला किया गया था, जब वह जिम से निकलकर अपनी कार में घर जा रहा था। हमलावरों ने उसे घेरकर गोलियां चला दीं। गंभीर रूप से घायल होने के बाद उसे अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।
जांच के दौरान सामने आई सीसीटीवी फुटेज में हमलावर घटना को अंजाम देते और बाद में बाइक पर फरार होते नजर आए थे। इसी आधार पर पुलिस ने आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया है और अब मामले की आगे की जांच जारी है।</description><guid>chandigarh:-encounter-of-accused-in-property-dealer-murder-case</guid><pubDate>20-Mar-2026 7:09:56 am</pubDate></item><item><title>ईरान ने अमेरिकी एफ-35 लड़ाकू विमान को बनाया निशाना, इजराइल की रिफाइनरी पर की बमबारी</title><link>https://just36news.com/iran-targets-us-f-35-fighter-jet,-bombs-israeli-refinery</link><description>तेहरान।अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच छिड़ा युद्ध 21वें दिन और व्यापक हो गया। इस जंग में संभवतः पहली बार अमेरिका की सैन्य क्षमता को तगड़ी चोट लगी है। ईरान ने दावा किया है कि उसने अमेरिकी एफ-35 लड़ाकू विमान (फाइटर जेट) को नुकसान पहुंचाया है। इसके अलावा इजराइल की रिफाइनरी पर ईरान ने बमबारी कर उसे उड़ाने की कोशिश की है। ईरान ने अमेरिकी एफ-35 फाइटर जेट पर हमले का वीडियो भी जारी किया है।
सीएनएन, अल जजीरा और अन्य कुछ देशों के संचार माध्यमों की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने एफ-35 पर हमले का वीडियो फुटेज तो जारी किया है, लेकिन इसकी पुष्टि नहीं हो पाई है। यह जरूर है कि अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने स्वीकार किया कि एक एफ-35 जेट को ईरान के ऊपर मिशन के दौरान इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी। विमान को मिडिल-ईस्ट के किसी देश में उतारा गया है।
कमांड के प्रवक्ता कैप्टन टिम हॉकिन्स के मुताबिक, विमान की इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई है और पायलट सुरक्षित है। घटना की जांच जारी है। हालांकि अमेरिका ने सीधे तौर पर ईरानी हमले की पुष्टि नहीं की है। रिपोर्ट के अनुसार, एफ-35 दुनिया के सबसे एडवांस लड़ाकू विमानों में गिना जाता है और इसकी कीमत 100 मिलियन डॉलर से अधिक होती है।
ईरान ने कहा है कि उसने इजराइली हमलों का जवाब देते हुए तेल अवीव में रिफाइनरी पर जोरदार बमबारी की है। इस बीच कतर एनर्जी ने कहा कि ईरानी हमलों की वजह से कतर की लिक्विफाइड नेचुरल गैस एक्सपोर्ट क्षमता का 17 प्रतिशत हिस्सा ठप हो गया है। इससे सालाना राजस्व में अनुमानित 20 अरब डॉलर का नुकसान हुआ है और यूरोप तथा एशिया को होने वाली आपूर्ति पर खतरा मंडरा रहा है।
उधर, इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने संवाददाता सम्मेलन आहूत किया। वह पत्रकारों के सामने आए और कहा वह जंग जीत रहे हैं। वह अभी जिंदा हैं। ईरान बर्बादी की ओर बढ़ रहा है। हमने 20 दिनों के युद्ध में सफलता हासिल की है। इस बीच हिजबुल्लाह ने दावा किया है कि उसने हाल के घंटों में उत्तरी इजराइल के मार्गलियोट कस्बे पर मिसाइल दागी हैं। इसके अलावा नबातियेह प्रांत के मारौन अल-रास इलाके में मौजूद इजराइली सैनिकों के समूह को भी निशाना बनाया।
इस बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने कहा है कि अगर अंतरराष्ट्रीय समुदाय इस संकट के खिलाफ मजबूती से खड़ा नहीं होता, तो इसका असर कई देशों पर पड़ेगा। यह स्थिति आगे चलकर और बड़े संकट को जन्म दे सकती है। एक रिपोर्ट के अनुसार, यूएई के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच फोन पर बातचीत हुई। इस बातचीत में क्षेत्र की स्थिति और उसके वैश्विक शांति पर असर को लेकर चर्चा की गई।
यूएई की सरकारी समाचार एजेंसी के अनुसार, दोनों नेताओं ने ईरान पर आरोप लगाया कि वह यूएई और क्षेत्र के अन्य देशों में नागरिकों, इमारतों और बुनियादी ढांचे को निशाना बना रहा है, जो अंतरराष्ट्रीय कानून और इन देशों की संप्रभुता का उल्लंघन है। रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने इन हमलों की निंदा की और यूएई तथा क्षेत्र के अन्य देशों के साथ अमेरिका की एकजुटता जताते हुए उनकी सुरक्षा और स्थिरता के समर्थन की बात कही।
इस बीच बताया गया है कि फ्रांस के विदेशमंत्री जीन-नोएल बारो शुक्रवार को इजराइल का दौरा करेंगे। यह दौरा अचानक तय किया गया है और इससे पहले वह लेबनान की राजधानी बेरूत गए थे, जहां उन्होंने युद्धविराम की कोशिशों पर चर्चा की। फ्रांस के विदेश मंत्रालय के अनुसार, इस दौरे के दौरान बारो इजराइल के नेताओं से क्षेत्रीय सुरक्षा, मानवीय सहायता और मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव को कम करने के मुद्दों पर बातचीत करेंगे।</description><guid>iran-targets-us-f-35-fighter-jet,-bombs-israeli-refinery</guid><pubDate>20-Mar-2026 7:02:17 am</pubDate></item></channel></rss>